यह तो पहले ही साफ हो चुका है कि किशोर को सबसे पहले झांसे में मुंबई निवासी बद्दो ने लिया था। पुलिस ने यह भी पता लगा लिया कि बद्दो अकेला नहीं है। जो लोग किशोर के पास वीडियो और अन्य सामग्री भेज रहे थे, उनमें अथर्व, साकहम, फहीम, करण, नैनी, शाहबाज और नाव्या शामिल हैं। ये नाम किशोर के मोबाइल फोन में दर्ज हैं। बद्दो गिरोह का सरगना है।
पुलिस का मानना है कि इन लोगों के वास्तविक नाम कुछ और हो सकते हैं। किशोर ने पुलिस को बताया कि इन लोगों के नंबर उसे बद्दो ने दिए थे। उनके साथ किशोर की व्हाट्स एप चैट पुलिस को मिली है। नैनी ने किशोर को नमाज पढ़ने का तरीका बताया था। किशोर संजयनगर स्थित मस्जिद में नमाज पढ़ने के लिए जाता था। कई बार अन्य मस्जिद में भी गया।
मुंबई भेजी गई टीम
डीसीपी नगर निपुण अग्रवाल ने बताया कि मामले में साइबर सेल की टीम की मदद से जांच की जा रही है। आरोपी बद्दो को पकड़ने के लिए टीमें लगी है। एक टीम मुंबई भी भेजी गई है।
और भी लोग फंसे हैं बद्दो के जाल में
बद्दो ने किशोर को ऑनलाइन गेम के टूल और कुछ कंप्यूटर पार्ट बेचे थे। इसके बदले किशोर ने 20 हजार रुपये का ऑनलाइन भुगतान किया। पुलिस ने बद्दो का बैंक खाता भी खंगाला है। इससे पता चला है कि छह महीने में उसने सैंकड़ों लोगों को रकम भेजी है और इतने ही लोगों से मंगाई है। इस आधार पर पुलिस का मानना है कि बद्दो धर्मांतरण का बड़ा गिरोह चला रहा है और उसके जाल में और भी लोग फंसे हैं।