सुखबीर खटाना गांव रिठौज के रहने वाले थे। स्थानीय लोगों में वह सुखबीर चेयरमैन के नाम से प्रसिद्ध थे। गुरुवार दोपहर करीब तीन बजे सुखबीर अपने चचेरे भाई राजेंद्र पटवारी के साथ सदर बाजार में अग्रवाल धर्मशाला चौक स्थित एक शोरूम में पहुंचे थे। वह कपड़े खरीद ही रहे थे कि अचानक पांच बदमाश हथियार लहराते हुए शोरूम में दाखिल हुए और आते ही सुखबीर पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बदमाशों ने 15 गोलियां चलाईं। सुखबीर को सात गोलियां लगीं।
दिनदहाड़े हुई इस वारदात की सूचना मिलते ही एसीपी क्राइम प्रीतपाल सिंह सांगवान और राजेंद्र सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घटना स्थल का निरीक्षण किया। पुलिस पास ही लगे एक सीसीटीवी कैमरे की फुटेज खंगाल रही है। इसमें बदमाश वारदात के बाद मोर चौक की ओर भागते नजर आ रहे हैं।
इस मामले में सुखबीर के बेटे अनुराग की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज किया है। अनुराग ने हत्याकांड के पीछे अपने मामा चमन पर संदेह जताया है। अनुराग ने पुलिस को बताया कि उसके पिता सुखबीर ने दो शादियां की थीं। दूसरी शादी के बाद से ही चमन से सुखबीर के संबंध अच्छे नहीं थे। ऐसे में उसने संदेह जताया है कि चमन ने ही रंजिश में हत्याकांड को अंजाम दिया है। डीसीपी वेस्ट दीपक सहारण का कहना है कि हत्या का मामला दर्ज कर जांच की जा रही है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।