अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। पटियाला हाउस कोर्ट ने पांच वर्षीय बच्ची से यौन उत्पीड़न करने के आरोप में एक व्यक्ति को दोषी ठहराया है। यह घटना साल 2015 की है। कोर्ट ने कहा कि अभियोजन पक्ष ने साक्ष्यों और गवाही के आधार पर घटनाक्रम की पूरी कड़ी स्पष्ट कर दी है, जिससे आरोपी का दोष साबित होता है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश संदीप गुप्ता ने कहा कि पीड़िता ने कम उम्र के बावजूद साफ और सुसंगत बयान दिया। बच्ची ने बताया कि जब वह पार्क में खेल रही थी, तभी आरोपी मिठाई देने का बहाना बनाकर उसे अपने घर ले गया और उसके साथ गलत काम किया। अदालत ने कहा कि यौन अपराधों के मामलों में मामूली विरोधाभासों के आधार पर पीड़िता की गवाही को खारिज नहीं किया जा सकता। पीड़िता और उसकी मां के बयानों में घटना का स्पष्ट और भरोसेमंद विवरण है। कोर्ट ने आरोपी को अपहरण और पॉक्सो अधिनियम की धारा 10 के तहत दोषी करार दिया।