मध्य जिला पुलिस उपायुक्त संजय कुमार सेन मंसूर परिवार के साथ गली मदरसे वाली, जामा मस्जिद इलाके में रहता था। इसके परिवार में दो बेटों के अलावा एक बेटी हैं। मंसूर पेशे से प्लंबर का काम करता था। पिछले काफी समय से उनको दिल की बीमारी थी। पुलिस को दिए बयान में मंसूर के बेटे फाहद ने बताया कि उनके पिता ने एक जानकार को कुछ पैसे उधार दिए हुए थे।
बार-बार मांगने पर वह रुपये वापस नहीं कर रहा था। रुपये उधार लेने वाले के जानकार शाहिद को जब यह पता चला कि मंसूर रुपये वापस लेने के लिए उनको परेशान कर रहा है तो शाहिद गाली-गलौज करने लगा। यह बात मंसूर को पता चली तो वह अपने बेटे फाहद और भांजे इमरान खान के साथ कलां महल, पटौदी हाउस शाहिद के घर पहुंचा।
वहां पहुंचने पर इनकी शाहिद और उसके भाइयों शमीम, फहीम और जावेद से तू-तू-मैं-मैं होने लगी। आरोप है कि शाहिद ने डंडा उठाकर मंसूर, इमरान व फाहद पर हमला कर दिया। मारपीट के दौरान मंसूर वहीं बेहोश होकर गिर गया जबकि फाहद और इमरान जख्मी हो गए। स्थानीय लोग तीनों को एलएनजेपी अस्पताल ले गए, जहां मंसूर को मृत घोषित कर दिया गया।
घायल फाहद और इमरान को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। पुलिस ने मामला दर्ज कर मुख्य आरोपी शाहिद को गिरफ्तार कर लिया है। अब उसके भाइयों की तलाश की जा रही है। घटना स्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज से मामले की पड़ताल करने के अलावा चश्मदीदों के बयान लिये जा रहे हैं।