अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। राउज एवेन्यू कोर्ट ने शनिवार को भ्रष्टाचार के मामले में आईआरटीएस अधिकारी सहित सभी आरोपियों को बरी कर दिया। विशेष न्यायाधीश सुधांशु कौशिक ने अभियोजन और बचाव पक्ष की दलीलों का विश्लेषण करने के बाद, आरोपों को उचित संदेह से परे साबित नहीं होने पर यह फैसला सुनाया। आरोप है कि 1997 बैच के आईआरटीएस अधिकारी रवि मोहन शर्मा उस समय यातायात परिवहन (कोचिंग) के निदेशक के रूप में कार्यरत थे। उन पर मेसर्स रेल टूर इंडिया एलएलपी और उसके साझेदारों, राजेश चंपकलाल जोधानी और कुमार वादीलाल शाह द्वारा आयोजित समूह पर्यटन के लिए रेलवे कोच किराये पर लेने के लिए अवैध रूप से रिश्वत लेने का आरोप लगाया गया था।