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Delhi NCR News: दुबई से संचालित हो रहे अंतरराज्यीय ठगी गिरोह का खुलासा, नौ जालसाज गिरफ्तार

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-पश्चिम जिला साइबर सेल ने आरोपियों को केरल, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, उत्तर प्रदेश और दिल्ली से किया गिरफ्तार
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-कंपनी में निवेश के बाद मुनाफे का देते थे झांसा, आरोपियों के बैंक खाते में 16 करोड़ से ज्यादा का लेन-देन
-नेशनल क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर दर्ज 286 शिकायत आरोपियों के बैंक खाते से लिंक
-अन्य आरोपियों की पहचान कर पुलिस गिरफ्तारी के लिए दे रही है दबिश
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
पश्चिम जिला साइबर सेल ने कंपनी में निवेश पर मुनाफा देने का झांसा देकर ठगी करने वाले नौ जालसाजों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इन आरोपियों को केरल, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, उत्तर प्रदेश और दिल्ली से गिरफ्तार किया। पुलिस ने इनकी गिरफ्तारी से 16 करोड़ रुपये की ठगी को सुलझाने का दावा किया है। पुलिस ने इनके कब्जे से 11 फोन, कई सिम कार्ड, एटीएम कार्ड, चेक बुक और पासबुक और अन्य आपत्तिजनक सामग्री बरामद की है। इनके बैंक खातों का संचालन दुबई से हो रहा था। जिला पुलिस उपायुक्त दरादे शरद भास्कर ने बताया कि 12 सितंबर को नेशनल क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल के जरिये जिला के साइबर सेल को निवेश धोखाधड़ी की एक शिकायत मिली। इसमें शिकायतकर्ता ने बताया कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिये आकर्षक और सुनिश्चित रिटर्न दिखाकर लुभाया था। धोखाधड़ी वालों के झांसे पर भरोसा करके शिकायतकर्ता ने बड़ी रकम का निवेश किया और बाद में उसके साथ धोखाधड़ी हुई। पुलिस ने केस कर जांच शुरू की। जांच में पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण और मनी ट्रेल की जांच की। पुलिस ने शिकायतकर्ता ने लेनदेन के स्क्रीनशॉट लिए, जिससे पता चला कि धोखाधड़ी की गई रकम कई लाभार्थी खातों के जरिये भेजी गई है। साथ ही पता चला कि महत्वपूर्ण लेन-देन एचडीएफसी और बैंक ऑफ बड़ौदा के खातों के जरिये हुआ, जो कर्नाटक के मंगलौर निवासी शौकत अली के नाम पर थे। खाता एसजीएल ट्रेडर्स के नाम पर था और उसमें 10.87 करोड़ रुपये का ट्रांजैक्शन हुआ था। खाते में लिंक किया गया मोबाइल नंबर भी उसी के नाम पर था। साक्ष्य मिलने के बाद निरीक्षक विकास कुमार बुडलक के नेतृत्व में टीम ने तकनीकी जांच के जरिए शौकत अली को केरल से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ और तकनीकी जांच से पता चला कि आरोपी दिल्ली, उत्तर प्रदेश, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक और केरल में काम करने वाले एक अंतरराज्यीय संगठित साइबर धोखाधड़ी सिंडिकेट का हिस्सा था, जिसके लिंक दुबई से जुड़े थे। इसके बाद पुलिस ने तीन टीमें बनाकर अलग अलग राज्यों में छापा मारकर आठ अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पहचान एर्नाकुलम, केरल निवासी बाबू पायनाडथ, एंथोनी बाबू, प्रतापगढ़ यूपी निवासी देवेंद्र पांडे, दुरव राज मिश्रा, नई दिल्ली निवासी फारूक, विजयनगर कर्नाटक निवासी केवी शिव योगी, संभल यूपी निवासी मोहम्मद अदनान रजा उर्फ बिल्ला और तिरुपति आंध्र प्रदेश निवासी अम्मा गुंटा कविता के रूप में हुई।
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