नई दिल्ली। मानसून से पहले नालों की सफाई और डी-सिल्टिंग को लेकर दिल्ली सरकार के दावों पर विपक्ष ने सवाल खड़े किए हैं। कांग्रेस प्रवक्ता डॉ. नरेश कुमार ने कहा कि राजधानी में जलभराव रोकने के लिए जमीनी स्तर पर पर्याप्त काम नहीं हुआ है। उन्होंने सरकार से तत्काल सर्वदलीय बैठक बुलाकर सभी एजेंसियों के साथ संयुक्त कार्ययोजना तैयार करने की मांग की। डॉ. नरेश ने कहा कि सरकार 1.20 लाख मीट्रिक टन गाद निकालने का दावा कर रही है, लेकिन इसकी वास्तविकता जांचने के लिए स्वतंत्र एजेंसी से ऑडिट कराया जाना चाहिए। नालों की सफाई और जल निकासी व्यवस्था पर स्थिति स्पष्ट नहीं है। यमुना किनारे बसी कॉलोनियों और अनधिकृत क्षेत्रों में जलभराव की आशंका है। एमसीडी, पीडब्ल्यूडी, दिल्ली जल बोर्ड, डीडीए और बाढ़ नियंत्रण विभाग जैसी एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है। ब्यूरो