शीतला माता मंदिर में पहुंचने वाले श्रद्धालुओं और माफियाओं के बीच अक्सर होता है विवाद, प्रशासन नहीं दे रहा ध्यान
सरकारी पार्किंग बदहाल, साफ-सफाई का भी नहीं रखा जा रहा ध्यान
वरुण त्रिवेदी
गुरुग्राम। शहर में स्थित सिद्धपीठ शीतला माता मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं पर प्रसाद माफिया महंगा प्रसाद खरीदने का दबाव बना रहे हैं। यहां जाम से जूझकर पहुंचने वाले श्रद्धालुओं की जेब पर फ्री पार्किंग की आड़ में मनमानी दर पर महंगा प्रसाद खरीदने का दबाव बनाया जाता है। अक्सर गुर्गाें और श्रद्धालुओं के बीच विवाद की स्थिति बन जाती है। जिससे उज्जैन व हरिद्वार जैसी घटनाएं होने की आशंका है। पुलिस प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है।
शीतला माता मंदिर के धार्मिक महत्व को देखते हुए नवरात्रि पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु प्रतिदिन यहां आते हैं। जहां माता शीतला के दर्शन के साथ ही मन्नत पूरी होने पर मुंडन व कर्ण छेदन संस्कार कराते हैं। लेकिन, मंदिर में चढ़ने वाला प्रसाद कुछ लोगों के लिए कमाई का साधन हो गया है। मंदिर के बाहर प्रसाद माफिया निशुल्क वाहन पार्किंग के नाम पर सिर्फ उनकी ही दुकान से प्रसाद खरीदने का दबाव बनाते हैं। दुकान पर बाइक सवार श्रद्धालुओं के लिए न्यूनतम 101 रुपये और चार पहिया वाहन के लिए 251 रुपये का प्रसाद खरीदने को कहा जाता है। इससे कम का प्रसाद खरीदने पर वाहन को पार्किंग से बाहर करने का दबाव बनाया जाता है। प्रसाद के मनमाने रेट का विरोध करने पर अक्सर श्रद्धालुओं और प्रसाद माफियाओं के गुर्गाें के बीच विवाद की स्थिति पैदा हो जाती है।
इनसेट
मनमानी पर श्रद्धालुओं से हो रहा विवाद
मंगलवार दोपहर मंदिर समीप तिराहा स्थित प्रसाद की दुकानों के ऊपर लगे प्राइवेट निशुल्क पार्किंग के बोर्ड को देखकर फरीदाबाद से आए परिवार ने अपनी कार पार्किंग में खड़ी की थी। उन्हें पार्किंग के बदले सामने की दुकान से प्रसाद खरीदने को कहा गया। दुकानदार ने परिवार को 251-251 रुपये के प्रसाद के दो पैकेट थमा दिए। श्रद्धालुओं ने सिर्फ एक पैकेट प्रसाद ही देने को कहा तो दुकानदार दबाव बनाने लगा। विवाद से बचने के लिए मजबूरी में परिवार ने दो पैकेट प्रसाद खरीदकर पीछा छुड़ाया। ऐसे विवाद दिन में कई बार होते हैं।
प्रसाद में मिलावट को लेकर हर साल लिया जाता है सैंपल
मेला शुरू होने पर प्रसाद माफिया मिलावट शुरू कर देते हैं। ऐसे में प्रशासन की ओर से हर साल सैंपल लिया जाता है। इस बार भी दो दिन पहले सेंपल लिया जा चुका है। सैंपल लेने के बाद प्रशासन की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की जाती है।
इनसेट
श्रद्धालुओं की मजबूरी का उठा रहे फायदा
नवरात्रि के चलते शीतला माता मंदिर में बड़ी भीड़ पहुंच रही हैं। जिससे मंदिर के आसपास सड़क पर वाहन रेंगते रहते हैं। यहां सेक्टर-5 की ओर से आने वाले श्रद्धालुओं को सरकारी वाहन पार्किंग स्थल तक पहुंचना आसान है, लेकिन ओल्ड दिल्ली रोड की ओर से आने वालों को सरकारी पार्किंग स्थल पहुंचने के लिए करीब एक किमी. का यूटर्न लेना पड़ता है। जिसका फायदा उठाने के लिए प्रसाद माफियाओं ने सड़क किनारे निशुल्क वाहन पार्किंग के होर्डिंग बैनर लगा रखे हैं। एक होटल संचालक ने बताया कि यहां बोर्ड देखकर जाम से फंसे श्रद्धालु वाहन लेकर अंदर चले जाते हैं। दुकान पर उनके ऊपर मनमाने ढंग से प्रसाद खरीदने का दबाव बनाते हैं। जिसको लेकर विवाद होता है। कई बार प्राइवेट पार्किंग संचालकों के गुर्गे श्रद्धालुओं से मारपीट तक कर देते हैं।
इनसेट
सरकारी पार्किंग की बदहाली बनी मुसीबत
शारदा माता मंदिर के समीप स्थित नगर निगम का वाहन पार्किंग स्थल बदहाल है। यहां कई दिनों से सफाई न होने से जगह-जगह पर गंदगी पसरी पड़ी है। दुर्गंध से खड़े होना दूभर है। हालात यह हैं कि पार्किंग स्थल के किनारे कूड़े का ढेर लगा हुआ है। पार्किंग स्थल में देखरेख करने वाला कोई नहीं है। लोग मनमाने ढंग से यहां-वहां डेरा लगाकर बैठते हैं और गंदगी फैलाते हैं। उन्हें टोकने वाला कोई नहीं है। शौचालय साफ-सफाई के अभाव में गंदगी से पटे पड़े हैं।
वर्जन
माता के दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो इसका पूरा ख्याल रखा जाता है। प्रसाद में मिलावट को लेकर प्रशासन की ओर से छापेमारी की गई है। पार्किंग का लालच देकर प्रसाद के रूप में ठगी करने वालों पर जल्द ही कार्रवाई होगी।
- सोनू भट्ट, एसडीएम सोहना, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, शीतला माता मंदिर, गुरुग्राम।