वाहन चालकों को दरार के कारण करना पड़ रहा है परेशानी का सामना, बैरिकेडिंग की गई
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। इफ्को चौक फ्लाईओवर के समांतर फोर लेन फ्लाईओवर के बीच में करीब पचास फीट लंबी दरार को अभी तक ठीक नहीं कराया जा सका है। ठेकेदार ने दरार पर कोलतार लगाया था, जो वाहनों के आवागमन से उखड़ गया। ऐसे में अब फ्लाईओवर पर बैरिकेडिंग लगाकर कर्मचारी तैनात कर दिए गए हैं। दूसरी ओर जांच कमेटी ने मौका मुआयना कर लिया है और जल्द ही अपनी रिपोर्ट एनएचएआई को देगी। इसी आधार पर मरम्मत कार्य के साथ संबंधित पर कार्रवाई होगी।
एमजी रोड और दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे की सर्विस लेन से सिग्नेचर टावर या राजीव चौक की ओर जाने के लिए इफ्को चौक पर समानांतर फ्लाईओवर बना हुआ। कुछ दिन बाइक और कार सवारों को झटके लग रहे हैं। उनका कहना है कि दरार होने से हादसा होने की संभावना है। वाहन चालकों के अनुसार दरार दिन में दिखाई दे रही थी, लेकिन रात के दौरान यह खतरा साबित हो सकती है। मामला सामने आने पर एनएनएचआई ने सोमवार को उसे ठीक कराया था। ठेकेदार ने कार्य में लापरवाही बरती और तारकोल से दरार को ढक दिया। इसके बाद वाहनों से तारकोल दरार से हट गया और पहले जैसा हो गया।
इस पर एनएचएआई ने ठेकेदार से नीचे से कंकरीट व अन्य सामग्री लगाकर ठीक करने को कहा है। इसके बाद फ्लाई ओवर पर दरार के चारों ओर बैरिकेडिंग कर दी गई है। दूसरी ओर फ्लाई ओवर पर कई जगहों पर सड़क टूटने के कगार पर है। एनएचएआई के एक अधिकारी ने बताया कि जल्द ही दरार को ठीक करा दिया जाएगा। दूसरी ओर एनएचएआई दो सदस्यीय टीम का गठन कर पूरे मामले की जांच करा रहा है। रिपोर्ट के आधार पर इसका मरम्मत कार्य होगा।
दूसरी ओर यदि निर्माण कार्य में गड़बड़ी होती तो संबंधित ठेकेदार पर भी कार्रवाई की जा सकती है। एनएचएआई के एक अधिकारी ने कहा कि फ्लाईओवर में दरार आना एक गंभीर मामला है। ऐसे में निर्माण कार्य समेत अन्य बातों को देखा जा रहा है। इसके बाद ही इस मामले में कुछ कहा जा सकता है।
बता दें कि इफको चौक फ्लाईओवर के समानांतर फ्लाईओवर साल 2019 में चालू होने के बाद से क्षतिग्रस्त हो गया था अगस्त 2021 में भारी बारिश के कारण इसके नीचे सीवेज नाली क्षतिग्रस्त होने के बाद फ्लाईओवर की रिटेनिंग दीवार ढह गई। मरम्मत की गई और फ्लाईओवर को चालू कर दिया गया। 84 मीटर लंबे फ्लाईओवर का निर्माण 38.73 करोड़ रुपये की लागत से किया गया था और फ्लाईओवर को फरवरी 2019 में यातायात के लिए खोल दिया गया था। कम समय में ही फ्लाईओवर में दरार और सड़क टूटने से निर्माण कार्य पर भी सवाल उठ रहे हैं।