गुरुग्राम। स्वास्थ्य विभाग की पीसी-पीएनडीटी टीम ने भ्रूण लिंग जांच मामले में कार्रवाई करते हुए रेडियोलॉजिस्ट को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया। वहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। अदालत में पेशी के दौरान आरोपी रेडियोलॉजिस्ट की बेल को लेकर मौजूद अधिकारियों के साथ बहस हो गई। बुधवार को टीम ने खांडसा रोड स्थित आयू अस्पताल में छापा मारकर डॉक्टर को रंगेहाथ पकड़ा था। स्वास्थ्य विभाग को गुप्त सूचना मिली थी कि अस्पताल में पैसे लेकर भ्रूण का लिंग बताया जा रहा है। इसके बाद विभाग ने डिकॉय ऑपरेशन चलाया। नूंह की 17 सप्ताह की गर्भवती महिला को मरीज बनाकर अस्पताल भेजा गया। आरोप है कि रेडियोलॉजिस्ट ने 40 हजार रुपये लेकर अल्ट्रासाउंड किया और भ्रूण का लिंग बताया। स्वास्थ्य विभाग के सीएमओ डॉ लोकवीर ने बताया कि मामले में अस्पताल प्रबंधन की भूमिका की जांच की जा रही है। विभाग ने कहा कि भ्रूण लिंग जांच के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। संवाद