महर्षि नारद जयंती पर विश्व संवाद केंद्र की ओर से किया गया संगोष्ठी का आयोजन
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। देश में नारद ही नहीं, इतिहास के साथ भी अन्याय हुआ है। एक समय था जब पत्रकारिता को मिशन माना जाता था। स्वाधीनता आंदोलन इस बात का गवाह है कि पत्रकारों ने किस तरह से काम किया।
यह बात शिक्षाविद् डॉ. रमा ने कही। वह देवर्षि नारद जयंती के उपलक्ष्य में शनिवार को विश्व संवाद केंद्र और जर्नलिस्ट एसोसिएशन, गुरुग्राम के द्वारा आयोजित विचार संगोष्ठी में मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित कर रही थीं। सेक्टर-14 स्थित राजकीय कन्या महाविद्यालय के सभागार में वैश्विक मीडिया में भारत विषय पर हुई इस संगोष्ठी में पत्रकारिता के समक्ष चुनौतियों पर भी चर्चा हुई।
जनसंचार विभाग के विद्यार्थियों की जिज्ञासा से भरे प्रश्नों के जवाब दिए। कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ शिक्षाविद् डाॅ. अशोक दिवाकर ने की। मुख्य अतिथि के रूप में सीएसआर ट्रस्ट हरियाणा के उपाध्यक्ष बोधराज सीकरी मौजूद रहे। संस्था के अध्यक्ष संजय यादव ने कहा कि अगले वर्ष कार्यक्रम और भी बड़े स्तर पर होगा । कार्यक्रम में गुरुग्राम विश्वविद्यालय में पत्रकारिता के प्राध्यापक राकेश योगी, हरीश कुमार, आरएसएस के महानगर संघ चालक जगदीश ग्रोवर, विभाग कार्यवाह हरीश कुमार, विभाग प्रचार प्रमुख अनिल कश्यप आदि मौजूद थे।