खूब बिकीं जरी की छलनी, स्टोन वर्क की पूजा की थाली और रजवाड़ी चूड़ा भी सुहागिनों की पहली पसंद रहा
जमकर हुई सोने, चांदी, हीरे और प्लेटिनम के आभूषणों की खरीदारी
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। करवाचौथ पर बाजार पूरी तरह से गुलजार नजर आया। सोने, चांदी, हीरे और प्लेटिनम के आभूषणों से लेकर वस्त्र परिधानों की दुकान पर सुबह से ही भीड़ नजर आई। विशेषज्ञ बताते हैं कि करवाचौथ की पूर्व संध्या पर इस बार 500 करोड़ से ज्यादा का कारोबार हुआ है। जरी की छलनी बाजार में खूब बिकीं। इसी प्रकार रजवाड़ी चूड़ा और स्टोन वर्क की पूजा की थाली सुहागिनों की पहली पसंद रही।
मंगलवार को बाजार में करवाचौथ की खरीदारी करती महिलाओं और पुरुषों में अलग ही उत्साह दिखा। बुधवार को महिलाएं अपने जीवन साथी की लंबी उम्र की कामना के लिए निर्जला व्रत रखेंगी। करवे भरे जाएंगे। अपने-अपने तरीके से पूजन होगा। हरियाणवी और उत्तर प्रदेश की महिलाएं मिट्टी के करवे भरेंगी, पंजाबी महिलाएं थाली को सजाकर उसे सात बार घुमाएंगी। गीत गाए जाएंगे ले वीरो कुड़िये करवाडा, सर्व सुहागन करवाडा.. इसके पहले सासू को बायना दिया गया। इसके लिए महिलाएं सोलह शृंगार और नए परिधान में सजेंगी।
गुरुग्राम शहर के हर सेक्टर गली मुहल्ले में इस त्योहार के लिए मेहंदी लगाने वाले लगे हैं। हर सुहागिन महिलाओं ने हथेलियों पर मेहंदी रचा ली है, कुछ बुधवार की सुबह रचाएंगी।बाजार में चीनी के बने कुल्हड, खील, गोटे और मखमल से सजी हुई छन्नियां, पूजा की थाली और लोटे, सींक आदि पूजन सामग्री की बिक्री जमकर हुई। बुटिक, परिधान की दुकानों, गहनों और कृत्रिम आभूषणों की दुकानों में भीड़ थी।
मेहंदी लगवाने के लिए बाजारों में भीड़ थी। मेहंदी वालों से लेकर ब्यूटी पार्लर तक में देर रात तक गहमागहमी रही। पार्लर में महिलाएं पंक्तिबद्ध इंतजार कर रही थी। ब्यूटी पार्लराें के पास दो हजार रुपये से लेकर 15- 20 हजार रुपये तक के प्री करवाचौथ और करवा चौथ पर सजाए जाने के पैकेज थे। मेकअप और शृंगार की सामग्री की चीजों की दुकानों में भी काफी भीड़ नजर आई।
आभूषण बाजार में उपहार खरीदते नजर आए पति
करवाचौथ पर गुरुग्राम का आभूषण बाजार भी काफी गुलजार रहा। जानकारों का कहना है कि इस बार करवाचौथ की पूर्व संध्या पर करीब 500 करोड़ का कारोबार हुआ। बिछिया, पायल से लेकर मंगलसूत्र, अंगूठियों से लेकर कंगन और नेकलेस सेट की खरीदारी करते हुए लोग नजर आए। सदर बाजार के आभूषण मार्केट में छोटे बड़े गहनों को लेकर उत्साह दिखा। आभूषण विक्रेताओं ने बताया कि डायमंड रिंग, डायमंड पेंडेंट वाले मंगलसूत्र, नोज पिन आदि की बिक्री हुई। स्वर्ण व्यापारी मंदीप किशोर गोयल ने बताया कि डायमंड पेंडेट वाले मंगलसूत्र की कीमतें 50 हजार रुपये से लेकर आठ लाख रुपये तक है।
फिल्मी नहीं साझी संस्कृति का उदाहरण बना करवा चौथ
पटेल नगर में रहने वाली पूनम गुप्ता बताती है कि वे शादी के बाद गुरुग्राम आई। ससुराल बिहार के सहरसा जिले में हैं। वहां करवा चौथ नहीं होता है। मगर हमलोग जिस छठ पर्व को अपने तरीके से मनाते हैं, वैसे ही करवा चौथ का त्योहार भी मनाते हैं। यहां के लोगों से रीति रिवाज सीखा और फिर करने लगी। अच्छा लगता है आप जिस समाज मे हैं, उससे जुड़कर रहते हैं। हमें एक दूसरे के उत्सव को अपनाना चाहिए। फ्रेंडस कॉलोनी में रहने वाली रूना राज बताती हैं कि हम लोग हरतालिका तीज पर भी व्रत रखते हैं और करवा चौथ का व्रत भी रखते हैं। हमारी सोसाइटी की महिलाएं एक साथ मिलकर पूजन करेंगी। गुरुग्राम में ऐसी बहुत सारी महिलाएं हैं जो बंगाल, ओडिशा, बिहार, झारखंड आदि प्रदेशों से हैं, उनके रिवाजों में करवा चौथ शामिल नहीं हैं मगर वे इस पर्व को पूरी शिद्दत से मनाती हैं। उनका माना है कि फिल्मों का असर नहीं, गुरुग्राम में करवाचौथ का त्योहार साझी संस्कृति का उदाहरण बना है।