गुरुग्राम। सावन के महीने में मंदिरों में शिव महापुराण की कथा आयोजित की जा रही है। शहर की कथाओं में हरियाली तीज की लोक परंपराओं और पौराणिक महत्व पर चर्चा की गई। तीज का पौराणिक धार्मिक महत्व रहा है। सेक्टर-4 कृष्ण मंदिर में कथा व्यास पं. अतुल कृष्ण शास्त्री ने कहा कि देवी पार्वती ने भगवान शिव को पति रूप में प्राप्त करने के लिए सावन माह में व्रत रखा था। देवी की तपस्या से प्रसन्न हो भगवान शिव ने उन्हें आशीर्वाद दिया था। इसी कारण से विवाहित महिलाएं इस व्रत को अपने सुखी विवाहित जीवन की कामना के लिए करती हैं। संवाद