पटाखे जलाने पर 4 के खिलाफ केस, तीन बेचते गिरफ्तार
गुरुग्राम। दिल्ली एनसीआर में प्रदूषण के बढ़े स्तर को देख सुप्रीम कोर्ट ने ग्रीन पटाखे चलाने की अनुमति दी थी। आतिशबाजी के लिए रात 8 से 10 बजे तक का समय निर्धारित किया गया था। इस दौरान केवल ग्रीन पटाखे फोड़ने की अनुमति थी। शहर में ग्रीन पटाखे न होने के कारण पटाखा गोदामों को सील कर दिया गया था। हालांकि दिवाली पर शहरवासियों ने कोर्ट के आदेशों को मानो रॉकेट के साथ उड़ा दिया। शाम 6 बजे से ही शहर में आतिशबाजी शुरू हो गई थी और देर रात करीब एक बजे तक चली। पुलिस कंट्रोल रूम में बुधवार रात को कुल 42 फोन कॉल आई जिसमें 30 कॉल आतिशबाजी से संबंधित थी, लेकिन 4 के खिलाफ ही पुलिस ने मामला दर्ज किया। इसके अलावा पटाखा बेचने वाले 3 लोगों को पुलिस काबू कर पाई।
शहर में छोटी-छोटी दुकानों पर दोपहर तक चोरी छिपे पटाखे बेचे जाते रहे। दोपहर बाद पटाखों की बिक्री खुलेआम पुलिस की नाक के नीचे होती रही। शाम 6 बजे से ही पटाखे जलाने शुरू कर दिए गए। पुलिस प्रवक्ता सुभाष बोकन ने बताया कि शहर में पटाखे बेचने व जलाने वाले 7 लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई। सेक्टर-8ए थाना क्षेत्र में विश्वकर्मा कॉलोनी निवासी सुनीता व जवाहर लाल को पटाखे बेचते पकड़ा। इनके खिलाफ मुकदमा दायर कर इन्हें जमानत पर रिहा किया गया है। कोर्ट के आदेशों की अवहेलना कर पटाखे जलाकर प्रदूषण करने पर सूर्या विहार निवासी सुरेश, सेक्टर-9ए निवासी हितेश जैन, भारत भूषण सेक्टर-4 निवासी सौरभ गोयल के खिलाफ केस दर्ज कर गिरफ्तारी की गई। उधर, सेक्टर-53 थाना पुलिस ने भी सूचना के आधार पर गांव वजीराबाद सब्जी मंडी से बिहार के कटिहार निवासी कादिर को पटाखे बेचते गिरफ्तार किया।