कश्मीर में आतंक प्रभावित क्षेत्रों में पुनर्वास के नाम पर सेक्टर-9ए थाना क्षेत्र में फंड एकत्रित करने के आरोप में पकड़े गए कश्मीरी युवकों की कुंडली खंगाली जा रही है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए गुरुग्राम पुलिस जम्मू-कश्मीर पुलिस से संपर्क साधकर आरोपियों की जानकारी जुटा रही है। बुधवार को आरोपियों की रिमांड अवधि पूरी होने के बाद उन्हें जेल भेज दिया गया है।
पिछले सप्ताह सेक्टर-9ए थाना क्षेत्र से पुलिस ने चार कश्मीरी युवकों को फंड एकत्रित करने के मामले में पकड़ा था। आरोपियों के पास से मिले डूसू अध्यक्ष अंकित बसौया का फर्जी लेटरहेड पाए जाने के बाद पुलिस ने इस पूरे नेटवर्क को टेरर फंडिंग से जोड़ते हुए जांच शुरू की थी।
आरोपियों में मास्टरमाइंड युवक आमिर बीए द्वितीय वर्ष का विद्यार्थी है, जिसने फर्जी तरीके से डूसू अध्यक्ष का लेटरहेड बनाया था। आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ में सामने आया कि सभी आरोपी दिल्ली केे शास्त्री पार्क एरिया में शरणार्थी कैंपों में रह रहे थे। वे कश्मीर में आतंक प्रभावित क्षेत्र के नाम पर फंड एकत्रित कर रहे थे। पांच दिन की रिमांड में हालांकि पुलिस के हाथ टेरर फंडिंग से जुड़े कोई ठोस सुराग नहीं लग सके हैं, लिहाजा पुलिस मामले की गंभीरता को देखते हुए चारों आरोपियों की कुंडली खंगालने के लिए जेएंडके पुलिस की मदद ले रही है।
सेक्टर-9ए थाना प्रभारी सुदीप कुमार ने बताया कि आरोपियों केे दस्तावेज केे वैरिफिकेशन के लिए जेएंडके पुलिस से संपर्क साधा गया है। जिसके बाद ही ठोस बात निकलकर सामने आएगी। बुधवार को आरोपियों की रिमांड पूरी होने केे बाद सभी को कोर्ट में पेश कर 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भोंडसी जेल भेज दिया गया।