सोमवार को जिले से हटाई गई धारा -144 के बाद धरने पर लौटे लिपिक
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। मंगलवार से लिपिकों ने एक बार फिर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। लिपिकों ने इस दौरान सरकार की जमकर आलोचना की। सोमवार को जिलाधीश ने जिले से धारा 144 हटा दी। ऐसे में मंगलवार को लिपिक एक बार फिर लघु सचिवालय में धरना स्थल पर लौट आए।
लिपिक एसोसिएशन ने कहा कि सरकार बार बार झूठ बोलकर जनता को भ्रमित कर रही है। कभी बजट तो कभी दूसरे राज्यों के वेतनमान का हवाला देकर लिपिकों की मांग को नजरअंदाज कर रही है। लिपिक 35400 रुपये बेसिक वेतन की मांग कर रहे हैं। जिले के सभी विभागों, बोर्डों, निगमों सहित अन्य संस्थानों के लिपिकीय वर्ग के कर्मचारियों का अनिश्चितकालीन धरना जारी रहा। क्लेरिकल एसोसिएशन वेलफेयर सोसाइटी हरियाणा संबंधित भारतीय मजदूर संघ के आह्वान पर सभी कर्मचारी लघु सचिवालय दोगुने जोश के साथ हड़ताल पर लौटे। क्लेरिकल एसोसिएशन वेलफेयर के जिला मीडिया प्रभारी सुभाष शर्मा ने बताया कि एसोसिएशन की सिर्फ एक मांग है। लिपिकों को कार्य व योग्यता के आधार पर न्यूनतम वेतन 19900 रुपये से बढ़ाकर 35400 रुपये किया जाए।