साप्ताहिक प्रशिक्षण लेंगी महिलाएं, गुरुग्राम के नागरिक अस्पताल, सेक्टर 31 पॉली क्लीनिक और वजीराबाद में की जाएगी जांच
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। जिला स्वास्थ्य विभाग अगले सप्ताह से दृष्टि हीन महिलाओं की मदद से स्तन कैंसर की जांच शुरू करेगा। इस सप्ताह यह महिलाएं जांच का एक अन्य प्रशिक्षण लेंगी। इन महिलाओं की अधिक विकसित स्पर्श इंद्रियों की मदद से स्तन कैंसर की आधा सेंटीमीटर तक विकसित गांठ का भी पता लग सकेगा। अमूमन यह जानकारी गांठ के दो से तीन सेंटीमीटर बड़ी होने के बाद मिलती है। ऐसे में महिलाओं को प्राथमिक स्तर पर ही संभावित स्तन कैंसर की जानकारी मिल सकेगी।
भौतिक जांच में दृष्टिहीन बहनें आधा सेंटीमीटर तक स्तन कैंसर के बारे में पहचान कर सकती हैं। इसके विपरीत सामान्य डॉक्टर भी एक सेंटीमीटर तक विकसित ट्यूमर की पहचान परीक्षण के बाद ही कर सकता है। इन दिव्यांग महिलाओं में स्पर्श की संवेदनशीलता क्षमता प्राथमिक चरण में कैंसर की जांच में काफी महिलाओं को जीवनदान देगी। इसके लिए जिले में छह दिव्यांग महिलाएं साप्ताहिक विशेष प्रशिक्षण लेंगी। प्रशिक्षण पूरा होते ही वह अपनी सेवाएं नागरिक अस्पताल, सेक्टर 31 और वजीराबाद में देंगी।
यहां महिलाएं भौतिक परीक्षण के बाद प्राथमिक चरण में स्तन कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी का पता लगा सकेंगी। महिलाओं में बढ़ रहे स्तन कैंसर की शीघ्र जांच और पता लगाने के लिए स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से मेदांता फाउंडेशन ने सवेरा कार्यक्रम की शुरूआत की है। देश में पहली बार इस तरह का स्वास्थ्य जांच परीक्षण शुरू होगा। कार्यक्रम की सफलता के बाद अन्य जिलों में भी इसे लागू करने की तैयारी है। नागरिक अस्पताल की प्रधान चिकित्सा अधिकारी डॉ. जयमाला ने बताया कि शुक्रवार से महिलाओं का प्रशिक्षण शुरू होना था। किसी कारण वह आने में असमर्थ रहीं।
स्तन कैंसर की भौतिक जांच शुरू करने से पहले जिले में छह दृष्टिहीन महिलाएं साप्ताहिक प्रशिक्षण लेंगी। इसके बाद महिलाएं इसका पूरा लाभ ले सकेंगी। - डॉ. वीरेंद्र यादव, सिविल सर्जन, गुरुग्राम