धनवापुर अंडरपास में ठेकेदार ने सोमवार आधी रात के बाद कराया ब्लास्ट
तेज धमाके से कई मकानों में आई दरार, कई में खिड़की के शीशे टूटे
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। धनवापुर गांव के निर्माणाधीन अंडरपास में सोमवार आधी रात के बाद ठेकेदार द्वारा ब्लास्ट करा दिया गया। इससे इलाके के लोग दहल गए। धमाका इतना जबरदस्त था कि अंडरपास के साथ घरों में सो रहे लोग जागकर अपने-अपने घरों से बाहर निकल आए। इस धमाके से कुछ मकानों में दरार भी आ गई है। जबकि कुछ में खिड़कियों के शीशे भी क्षतिग्रस्त हो गए।
धनवापुर गांव में रेलवे लाइन के पास अंडरपास का निर्माणकार्य चल रहा है। सोमवार आधी रात के बाद करीब ढ़ाई बजे अंडरपास निर्माण के दौरान एक स्लैब को तोड़ने के लिए ठेकेदार ने यहां ब्लास्ट कराया था। देर रात अचानक हुए ब्लास्ट में आसपास के कई मकानों में दरार आ गई। कुछ में खिड़कियों के कांच टूट गए। इसके साथ ही वहीं कुछ ही दूरी पर खड़ी गाड़ी के भी शीशे टूट गए। यह सारा मंजर सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गया। जोरदार धमाके के इलाके लोग दहशत में आ गए।
सूचना मिलते ही राजेंद्र पार्क थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी है। स्थानीय लोगों का कहना है ग्रैप 4 लागू होने के बावजूद यहां निर्माण कार्य प्रशासन द्वारा किया जा रहा है। ब्लास्ट के बाद से ही ठेकेदार और उसके श्रमिक फरार हैं। निर्माणाधीन अंडरपास के आसपास रहने वाले लोगों का कहना है ब्लास्ट से पहले लोगों को सूचना नहीं दी गई थी, ऐसे में अगर कोई व्यक्ति अंडरपास के आसपास होता तो निश्चित ही वह हादसे का शिकार हो जाता।
राजेंद्रा पार्क थाना प्रभारी का कहना है कि ब्लास्ट की सूचना मिलते ही फॉरेंसिक टीम को मौके पर बुलाया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच के दौरान जो भी तथ्य सामने आएंगे उसके अनुसार ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस यह भी देखेगी की ब्लास्ट करने से पहले कोई विभागीय अनुमति ली गई थी या नहीं।
अंडरपास का निर्माण पीडब्ल्यूडी और रेलवे द्वारा मिलकर किया जा रहा है। फिलहाल यहां रेलवे की तरफ से कार्य कराया जा रहा था। प्रशासन की तरफ से दिल्ली एनसीआर में प्रदूषण के बढ़ते स्तर को देखते हुए ग्रैप की स्टेज-4 लागू है। इसके बावजूद ठेकेदार द्वारा विस्फोट कर स्लैब को तोड़ा गया।
विवादों में रहा है अंडरपास
अंडरपास निर्माण कार्य शुरू होने से लेकर आज तक विवादों में रहा है। जिस स्लैब को विस्फोटक लगाकर तोड़ा गया है उसका लेंटर डालने के लिए जब शटरिंग की जा रही थी तो यह शटरिंग गिर गई थी, जिसमें एक मजदूर की मौत हो गई थी। इस मामले में भी पुलिस जांच कर रही है। स्थानीय लोगों ने बताया कि दो महीने से रोजाना छोटे-छोटे ब्लास्ट कर स्लैब तोड़ी जा रही थी, लेकिन सोमवार रात हुए धमाके ने पूरा इलाका हिला दिया।