फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Gurugram News: 17 लाख की जनसंख्या 100 बेड के अस्पताल पर निर्भर

विज्ञापन
विज्ञापन
जिला नागरिक अस्पताल मांडीखेड़ा को 500 बेड के लिए लोग 15 वर्ष से कर रहे आंदोलन
विज्ञापन

13-14 जून को हरियाणा के राज्यपाल के सामने प्रतिनिधिमंडल रखेगा मांग
राजूद्दीन जंग
मांडीखेड़ा। करीब 17 लाख की जनसंख्या पर नूंह जिले के बीच दिल्ली अलवर हाईवे पर गांव मांडीखेड़ा में बने 100 बिस्तर के अस्पताल में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलना कठिन होता जा रहा है। रोजाना अस्पताल में 3000 से अधिक मरीज आते हैं, जिन्हें देखने के चक्कर में कई चिकित्सकों को 2 घंटे का अतिरिक्त समय लगाना पड़ रहा है। हालांकि पिछले 15 साल से जिला नागरिक अस्पताल मांडीखेड़ा को 500 बिस्तर में अपग्रेड करने के लिए आंदोलन चलते आ रहे हैं, जो केंद्र और राज्य सरकार के आश्वासन के बाद रोके गए, लेकिन सरकारों द्वारा तवज्जो नहीं मिलने के कारण जनता में रोष व्याप्त है। अभी भी जिले में जनसंख्या मानकों के अनुसार प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र व उप स्वास्थ्य केंद्रों का निर्माण नहीं हुआ है।

एक तरफ यहां की भोली-भाली जनता को बरगलाकर कुछ राजनीतिक लोग हरियाणा के राज्यपाल का बहिष्कार करना चहाते हैं तो दूसरी तरफ समस्त जनता महामहिम के सामने अपनी बात अदब से रखकर मांडीखेड़ा जिला अस्पताल को 500 बेड कराना चाहती है। खैर 13-14 जून को प्रदेश के राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय दौरे पर आ रहे हैं।
विज्ञापन

मेवात की राजधानी कहे जाने वाले बड़कली चौक के निकट बने जिला नागरिक अलआफिया अस्पताल से 15 किलोमीटर दूर फिरोजपुर झिरका, 4 किलोमीटर नगीना, 12 किलोमीटर पिनगवां, 22 किलोमीटर पुन्हाना और 25 किलोमीटर दूर नूंह पड़ता है, जबकि नूंह से 13 किलोमीटर तावडू है।
जिला नूंह के 4 विकास खंड फिरोजपुर झिरका, नगीना, पिनगवां और पुन्हाना की 10 लाख से अधिक जनसंख्या बेहतर स्वास्थ्य सेवा के लिए जिला नागरिक अस्पताल मांडीखेड़ा पर निर्भर है। इधर, नूंह, इंडरी और तावडू खंड की करीब 7 लाख जनसंख्या को शहीद हसन खान मेवाती मेडिकल कॉलेज में स्थापित 500 बिस्तर अस्पताल से बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल रही हैं। यहां 100 बेड के अतिरिक्त अस्पताल को बनाने की कोई आवश्यकता नहीं है। ऐसा करने से जिला नागरिक अस्पताल मांडीखेड़ा खंडहर में तब्दील हो जाएगा।
प्रख्यात लेखक भगवानदास मोरवाल का कहना है कि नगीना तो जिले का बीच है, यहां से सभी कस्बों की दूरी बराबर है। गांव मांडीखेड़ा के 100 बिस्तर अस्पताल को 500 बेड तक बढ़ाया जाए। मांडीखेड़ा की पूर्व सरपंच सुशीला कहती हैं कि महिलाओं की जरूरत को देखते हुए कई बार अस्पताल को 500 बिस्तर करने की सिफारिश सरकार से की, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। नंबरदार नसरुद्दीन का कहना है कि यह जरूरी मांग है, इसीलिए मांडीखेड़ा जिला अस्पताल 500 बेड बने और ट्रामा सेंटर स्थापित हो। मांडीखेड़ा के पूर्व सरपंच पोप सिंह ने कहा कि क्षेत्र की सभी ग्राम पंचायतें अस्पताल को 500 से 700 बिस्तर में अपग्रेड करने के प्रस्ताव कर चुकी हैं।
विज्ञापन


प्रदेश के सभी जिला अस्पतालों को 200, 300, 500 और 700 बिस्तर में अपग्रेड किया गया है। कुछ अस्पतालों को अपग्रेड करने का कार्य चल रहा है। नूंह जिले के मांडीखेड़ा अस्पताल को 500 बेड किया जाएगा। -अनिल विज, स्वास्थ्य मंत्री हरियाणा सरकार
कैप्शन: जिला नागरिक अस्पताल मांडीखेड़ा
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें