साहिबाबाद। चंडीगढ़ से बिहार पोटेशियम सल्फेट के डिब्बों में ट्रक में छिपाकर ले जाई जा रही शराब को पुलिस ने साहिबाबाद इलाके में पकड़ लिया। किसी को शक न हो इसके लिए आरोपियों ने ट्रक में लकड़ी का बुरादा भर रखा था। शराब ले जा रहे तीन आरोपियों को पुलिस ने पकड़ लिया। शराब की कीमत करीब 4 लाख रुपये बताई जा रही है।
डीसीपी ट्रांस हिंडन निमिष पाटिल ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों ने अपने नाम राजदेव निवासी भोवापुर कौशांबी मूल निवासी बिहार, परमजीत निवासी दिलशाद गार्डन दिल्ली मूल निवासी पंजाब और संजीव निवासी डीएलएफ शालीमार गार्डन बताया है।
पकड़े गए तीनों आरोपियों ने पूछताछ करने पर बताया कि बरामद शराब आराधना बॉर्डर स्थित अंकुर कैरियर ट्रांसपोर्ट के मालिक ब्रिजेश कुमार दहिया की है। वह अंग्रेजी शराब को चंडीगढ़ से मंगवाकर बेचने के लिए बिहार भिजवाते हैं। पुलिस फरार मुख्य आरोपी ब्रिजेश कुमार की गिरफ्तारी के प्रयास कर रही है। आरोपियों ने बताया कि वह ट्रांसपोर्टर के कहने पर शराब को बिहार पहुंचाते हैं और वह बीते एक साल से शराब की तस्करी कर रहे थे। आरोपियों ने बताया कि बिहार में शराब कई गुना ज्यादा दाम में बिकती है, जिसके चलते अधिक मुनाफा होता है। पकड़े गए तीनों शराब तस्करों से बरामद शराब के बारे में और भी पूछताछ की जा रही है।
चेकिंग के दौरान पकड़ा
एसीपी साहिबाबाद रजनीश कुमार उपाध्याय ने बताया कि पुलिस की टीम राजेंद्रनगर गोल चक्कर के पास चेकिंग कर रही थी। तभी पुलिस ने सामने से आ रहे ट्रक को रोक लिया। तलाशी लेने पर ट्रक में लोहे के ड्रमों में भरी चंडीगढ़ मार्का अंग्रेजी शराब बरामद हुई। शराब को पोटेशियम सल्फेट के टिन के ड्रमों में पैक किया हुआ था।