गाजियाबाद। जिन पुलिसकर्मियों ने वकीलों पर लाठीचार्ज किया, उन्हें निलंबित किया जाए और हापुड़ के एसपी को हटाया जाए... इसके बाद ही वकीलों की हड़ताल समाप्त होगी। ये बातें शुक्रवार को वकीलों ने मेरठ में एडीजी जोन से मिलकर कहीं। वकीलों ने साफ कर दिया कि उनकी मांगें पूरी होने के बाद ही हड़ताल को समाप्त करने की घोषणा की जाएगी। अगर मांगे नहीं मानी गईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। 29 अगस्त से चली आ रही हड़ताल को 24 दिन हो चुके हैं। शुक्रवार को भी हड़ताल जारी रही। वकील कोर्ट में पेश नहीं हुए। कई मुकदमों के वादी और प्रतिवादी आए। उन्होंने मालूम किया कि उनके केस में अगली सुनवाई कब होगी। बार अध्यक्ष राकेश त्यागी कैली ने बताया कि अगर मांगे नहीं मानी गई, तो महासम्मेलन कर रणनीति बनाई जाएगी। फिलहाल महासम्मेलन की जरूरत नहीं है। बार सचिव विशेष त्यागी ने बताया कि चैंबरों के खोलने पर लगाई गई रोक हटा ली गई है। कचहरी परिसर में फोटो स्टेट, टाइपिंग और खाने पीने की वस्तुओं की दुकान करने वाले दुकानदार भी अपनी दुकान खोलकर काम कर सकेंगे। उन पर लगाई गई रोक भी एसोसिएशन ने बहाल कर दिया है।
चर्चित मामलों में भी लगी तारीख
नोएडा प्राधिकरण घोटाले में 12 अक्तूबर, विधायक मदन भैया पर चल रहे हत्या के मामले में 27 सितंबर, धर्मांतरण के मामले में शाहनवाज की जमानत के लिए 27 सितंबर, बाइक बोट घोटाले में 22 सितंबर
एबीसी कॉलेज एमबीबीएस व बीएएमएस के पेपर बदलने के मामले में 29 सितंबर, विधायक नंद किशोर गुर्जर और पूर्व विधायक अमरपाल शर्मा पर चल रहे हत्या के प्रयास के मामले में 26 सितंबर, पंजाब नेशनल बैंक में ऋण पास करने में रिश्वत लेने के मामले में 28 सितंबर, सीजीएसटी पास करने के लिए रिश्वत लेने के मामले में ममता राणा की जमानत अर्जी पर सुनवाई 25 सितंबर, आतंकी अब्दुल करीम टुंडा के मामले में 28 सितंबर और
सारा सिंह मौत प्रकरण में 25 सितंबर की तारीख लगा दी गई है। इन मामलों में सारा सिंह के मामले में हाईकोर्ट का रोज सुनवाई का आदेश है।