गाजियाबाद। राजनगर- प्रथम में ऊर्जा निगम की मीटर लैब-3 में तैनात संविदा कर्मी के आत्महत्या का प्रयास करने का वीडियो वायरल हुआ है। आरोप है कि कार्यालय में तैनात लेखा अधिकारी की ओर से उनसे अनैतिक तौर पर रुपयों की मांग की जा रही है। इसकी कई बार शिकायत करने के बावजूद भी अधिशासी अभियंता कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।
मीटर डिवीजन में तैनात कंप्यूटर ऑपरेटर प्रवीण शनिवार को अधिशासी अभियंता कार्यालय में पहुंचे। यहां कार्यालय में तैनात लेखाधिकारी पर अवैध वसूली करने की शिकायत की। इसके बाद जब कार्यालय प्रबंधन ने उनकी शिकायत नहीं सुनी तो उन्होंने अपनी जेब से रस्सी निकालकर गले में डाल ली और आत्महत्या का प्रयास किया। इस पर वहां मौजूद अधिकारी और कर्मचारी सकते में आ गए और बचाने दौड़े। काफी मशक्कत के बाद कार्यालय में उपस्थित कर्मचारियों ने उसके हाथ से रस्सी छीनकर उसे बचाया।
अवैध वसूली का दबाव बनाने का आरोप
प्रवीण का कहना है कि उसकी और पत्नी की नियुक्ति 2018 में हुई। उनकी पत्नी चंचल शर्मा लेखा विभाग में कंप्यूटर ऑपरेटर हैं और वह अधिशासी अभियंता कार्यालय में कार्यरत है। लेखा अधिकारी की ओर से उनकी पत्नी पर ठेकेदारों से अवैध वसूली का दबाव बनाया जा रहा था। इसे पूरा न करने पर स्थानांतरण अन्य डिवीजन में कर दिया गया है।
मामले की जानकारी नहीं : अधिशासी अभियंता
राजनगर लैब में तैनात अधिशासी अभियंता शेर सिंह ने बताया कि मामले की जानकारी नहीं है। उनकी ओर से 19 मई को कंप्यूटर ऑपरेटर चंचल शर्मा का स्थानांतरण का लेटर जारी किया गया था।
कोट
मामला बेहद गंभीर है, अधिशासी अभियंता कार्यालय में हुए प्रकरण की जांच कराकर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। - नीरज स्वरूप मुख्य अभियंता, ऊर्जा निगम, गाजियाबाद जोन