मोदीनगर। निवाड़ी के गांव खिंदौड़ा में शुक्रवार की रात रसूलपुर धौलड़ी निवासी आम के बाग के ठेकेदार पप्पू और उनके बेटे शाहनवाज की हत्या कर दिए जाने के मामले में शनिवार को गिरफ्तार किए गए नामजद आरोपी सुधीर त्यागी, उसके बेटे दीपक और बिट्टू को रविवार को कोर्ट के सामने पेश किया गया। कोर्ट ने तीनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। इससे पहले की गई पूछताछ में पुलिस को तीनों ने सिर्फ इतना बताया कि पप्पू और उनके बेटों से जब शुक्रवार को सिंचाई के पानी पर विवाद हुआ था, तब ही ठान लिया था कि उनकी हत्या करनी है। इसके बाद पूरी साजिश तैयार करके इसे अंजाम दे दिया।
एसीपी ज्ञान प्रकाश राय ने बताया कि दीपक ने गोली चलाना कुबूल किया। उसने बताया कि गोली पिस्टल से मारी थी। इसके बाद पिस्टल को खिंदौड़ा में झाड़ी में छिपा दिया था। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने अवैध पिस्टल बरामद कर ली है। पप्पू के भाई बिलाल की ओर से दर्ज कराए दोहरे हत्याकांड के मुकदमे में सात लोगों को नामजद कराया गया है। खिंदौड़ा गांव के ही निवासी चार आरोपी दीपक, मोहित उर्फ बादशाह, लवली और आसिफ की तलाश चल रही है। इनमें बादशाह के खिलाफ पहले से ही लूट और हत्या का एक केस दर्ज है। वह इसमें जेल गया था। उसके बारे में और जानकारी जुटाई जा रही है। पप्पू के परिवार के लोगों ने बताया है कि वह बेहद खतरनाक किस्म का अपराधी है।
सात बजे धमकी दी, दस बजे कर दी हत्या
मोदीनगर। पप्पू के भाई बिलाल ने एफआईआर में पूरा घटनाक्रम में बताया है। उनका कहना है कि शुक्रवार की शाम को करीब सात बजे पप्पू, उनका बेटे शाहनवाज और चांद खिंदौड़ा में ठेके पर लिए आम के बाग में पानी लगा रहे थे। तभी पास के ही आम के बाग का मालिक खिंदौड़ा का ही निवासी सुधीर त्यागी, उसके बेटे दीपक और बिट्टू व लवली, मोहित उर्फ बादशाह, आसिफ और एक अन्य दीपक आ गए। उन लोगों ने जबरन कुलावा काटकर पानी अपने बाग में कर दिया। इसका पप्पू ने विरोध किया। शोर-शराबा सुनकर आसपास के लोग भी आ गए। उन्हें देखकर सुधीर पक्ष के लोग चले गए लेकिन जाते हुए धमकी दे गए कि इसका अंजाम बुरा होगा, तुम्हें पानी काटने की कीमत अपनी जान देकर चुकानी होगी। इस धमकी के तीन घंटे बाद ही उन लोगों ने पप्पू और उनके दोनों बेटों पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। बिलाल का कहना है कि सुधीर पक्ष के लोग बाइकों से आए थे। फायरिंग की आवाज सुनकर आसपास के बाग के लोग आ गए। यह देख हमलावर हथियार लहराते हुए भागे। जाते हुए धमकी दे गए कि अगर किसी ने गवाही दी तो उसकी भी हत्या कर देंगे।
आरोपियों से अधूरी जानकारी ही हासिल कर सकी पुलिस
पप्पू और शाहनवाज की हत्या के आरोप में जेल भेजे गए सुधीर और उसके दो बेटों से पुलिस साजिश और घटनाक्रम के बारे में पूरी जानकारी हासिल नहीं कर सकी। तीनों ने यह नहीं बताया कि हत्याकांड में उनके साथ और कौन-कौन शामिल रहे। पुलिस ने पूछा कि कुल कितनी गोलियां चलाईं, लेकिन इसका भी जवाब नहीं मिला। मौके पर मौजूद लोगों ने बताया था कि 18 राउंड फायरिंग हुई। जाहिर है कि इतनी गोलियां एक से ज्यादा हथयिार से चली होंगी। लेकिन, आरोपियों ने यह भी नहीं बताया कि कुल कितने हथियार इस्तेमाल किए गए और किस-किस ने गोली चलाई। पुलिस ने नामजद आरोपियों के बारे में भी जानकारी करनी चाही लेकिन इसमें भी निराशा ही हाथ लगी। एसीपी का कहना है कि अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पूरी कहानी साफ हो जाएगी।