गाजियाबाद। जिला सहकारी बैंक गाजियाबाद ने अपने दायरे को बड़ा करने की दिशा में एक कदम और बढ़ाया है। देहात क्षेत्र की आबादी की संपत्ति पर भी अब जिला सहकारी बैंक से 5-10 लाख का होम लोन लिया जा सकता है। जिले की अलग अलग शाखाओं में लोन लेने के लिए 35 आवेदन आ चुके हैं। इनका तय समय सीमा में सत्यापन करने के बाद लोन देने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
जिला सहकारी बैंक गाजियाबाद के चेयरमैन कृष्णबीर सिंह ने बताया कि सरकारी या गैर सरकारी बैंक शाखाओं में ग्रामीणों को उनकी आबादी की संपत्ति पर मकान बनाने के लिए होम लोन की सुविधा नहीं दी जाती। इसमें सबसे बड़ा कारण यह था कि इन संपत्तियों का पहले कोई रिकॉर्ड नहीं था। कब्जे के आधार पर ही मालिकाना हक तय हो रहा था।
गांव में पहले से बने मकान की मरम्मत आदि के लिए भी ग्रामीणों को कोई सहायता देने की व्यवस्था नहीं है। ऐसे में जिला सहकारी बैंक ने ग्रामीणों को न्यूनतम 8.7 वार्षिक ब्याज की दर से लोन देने का निर्णय लिया है। नए निर्माण के लिए अधिकतम 10 और पुराने मकान की मरम्मत के लिए अधिकतम पांच लाख तक लोन देने की योजना है।
यह है पात्रता : कृष्णबीर सिंह ने बताया कि गाजियाबाद में प्रशासनिक स्तर पर स्वामित्व योजना के अंतर्गत ग्रामीण संपत्ति की गूगल से मैपिंग कराई है। इन लोगों की संपत्ति का रिकाॅर्ड तहसील प्रशासन ने तैयार किया है। अधिकांश संपत्ति की घरौनी तैयार हो चुकी है। लोन लेने के इच्छुक ग्रामीण को अपनी संपत्ति की घरौनी, आधार आदि दस्तावेज लेकर निकटतम शाखा में संपर्क करना होगा।