गाजियाबाद। गर्भधारण प्रसव पूर्व निदान तकनीक लिंग चयन प्रतिषेध अधिनियम के तहत पंजीकरण, नवीनीकरण, निरस्तीकरण, चिकित्सक की अनुमति और स्थान-परिवर्तन के आवेदनों पर चर्चा हुई। जिलाधिकारी दीपक मीणा की अध्यक्षता में सलाहकार समिति ने 73 केंद्रों पर चर्चा की। इसमें आठ अल्ट्रासाउंड सेंटर के पंजीकरण निरस्त करने की संस्तुति की गई। इसके अलावा 11 केंद्रों के पंजीकरण, 13 केंद्रों के नवीनीकरण, 20 केंद्रों पर चिकित्सकों के लिए अनुमति, 17 केंद्रों पर नई यूएसजी मशीन अपडेशन, दो केंद्रों के स्थान परिवर्तन और दो केंद्रों के मानक पूरे न होने की वजह से पंजीकरण न करने पर सहमति बनी। इस दौरान सीडीओ अभिनव गोपाल, सीएमओ डॉ. अखिलेश मोहन, डॉ. अभिषेक त्रिपाठी, डॉ. पंकज शर्मा, डॉ. अर्चना सिंह, डॉ. रिचा त्रिपाठी और सामाजिक संगठन के सदस्य डॉ. ओपी अग्रवाल मौजूद रहे।