बुलंदशहर/खुर्जा/सिकंदराबाद/अहार/शिकारपुर/स्याना/ डिबाई/गुलावठी/बीबीनगर/अनूपशहर/जहांगीराबाद/बुगरासी/नरसेना/खानपुरा। नगर से लेकर देहात तक दशहरा मेले का आयोजन हुआ। यहां श्रीराम ने अग्निबाण से रावण का अंत किया। रावण, कुंभकरण और मेघनाद के पुतले दहन होते ही जय श्रीराम के जयकारों गूंजने लगे।
इस दौरान भ्रष्टाचार, अपराध, रोग, मोह, गंदगी, लालच, अन्याय, आतंकवाद, महिला उत्पीड़न और अत्याचार जैसी दस बुराइयों का प्रतीक रावण को मानकर पुतला दहन किया गया। नगर के नुमाइश मैदान में श्रीरामलीला सभा की ओर से दशहरा महोत्सव के साथ शोभायात्रा निकाली गई। इसमें महाकाली की दर्शन कराए गए।
कलाकारों ने रामलीला का मंचन किया। विभीषण से रहस्य जानकर एक साथ कई बाण छोड़ते हैं। एक बाण रावण की नाभि में लगता है, जिससे वह धरती पर गिर जाता है।
इसके बाद रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतले का दहन किया गया। इस दौरान सांसद डॉ. भोला सिंह, पालिका के पूर्व अध्यक्ष मनोज गर्ग, एडीएम प्रशासन डॉ प्रशांत कुमार, नगर मजिस्ट्रेट चंद्र प्रकाश प्रियदर्शी, एसपी सिटी शंकर प्रसाद, सीओ ऋजुल कुमार और सभा के अध्यक्ष नीरज जिंदल आदि शामिल रहे। औरंगाबाद में रावण मेले का शुभारंभ पूर्व चेयरमैन राजकुमार लोधी ने किया। भगवान श्रीराम ने अग्नि बाण छोड़कर रावण के पुतले को आग के हवाले कर दिया।
इस मौके पर अध्यक्ष योगेश सिंघल, हेमंत गुप्ता, प्रदीप गुप्ता बालू, नितिन सिंघल व गौरव अग्रवाल आदि मौजूद रहे। उधर अहार, शिकारपुर, स्थाना, डिबाई, ऊंचागांव, गुलावठी, बीबीनगर, अनूपशहर, ऊंचागांव, बुगरासी, नरसेना, दानपुर, खानपुर व नरसेना के रामलीला मैदान रावण के कुनबे का दहन हाेते ही लोगों ने जमकर जय श्रीराम के नारे लगाए।
जहांगीराबाद के रामलीला मैदान बाड़ा में दशहरा मेले के मुख्य अतिथि उद्यमी व व्यापारी नेता सोनू पाठक रहे। राम ने बाण मारकर कुंभकर्ण व रावण का अंत किया। इस दौरान कमेटी अध्यक्ष मनोज गुप्ता, नवीन बंसल माैजूद रहे।