साहिबाबाद। जिला प्रशासन ने लोगों की सहूलियत के लिए सोसायटियों में मतदान केंद्र तो बना दिए लेकिन अभी तक बहुत से लोगों का बूथ सोसायटी के बाहर ही है। मतदाता सूची में अभी मतदेयस्थल अपडेट न होने से लोग समझ नहीं पा रहे कि वह अपनी सोसायटी में वोट कर सकेंगे या नहीं।
यह परेशानी किसी एक सोसायटी की नहीं बल्कि सभी सोसायटी में यही समस्या आ रही है। इंदिरापुरम स्थित शिप्रा कृष्णा विस्टा सोसायटी में मतदान केंद्र बनाए गया हैं लेकिन अभी तक यहां के अधिकतर लोगों का बूथ डीपीएस ही है। सोसायटी निवासी व पूर्व एओए अध्यक्ष प्रिया बिष्ट ने बताया कि अभी तक उनके पास कोई मैसेज नहीं आया कि उनका बूथ सोसायटी में है, न ही बीएलओ ने कोई संपर्क किया है। ऐसे में अभी असमंजस की स्थिति बनी हुई है। वहीं, भोपुरा रोड स्थित शालीमार सिटी में भी एक हजार के करीब वोट हैं। यहां भी क्लब हाउस में मतदान केंद्र बनाया गया है। एओए पदाधिकारी राजेश झा का कहना है कि सोसायटी में मतदान केंद्र तो बन गया लेकिन अभी आधे से अधिक लोगों का बूथ सिकंदरपुर गांव के प्राथमिक विद्यालय में ही है। वहीं इंदिरापुरम के एटीएस एडवांटेज सोसायटी में 200 वोट में से 700 लोगों का बूथ सोसायटी के बाहर ही है।
शिप्रा रिवेरा से हटा दिए चार बूथ, लोग मायूस
एक ओर जहां प्रशासन ने लोगों की सुविधा के लिए सोसायटियों में मतदान केंद्र बनाए हैं। वहीं, ज्ञान खंड तीन स्थित शिप्रा रिवेरा सोसायटी में 20 वर्ष पूर्व बने छह बूथ में से दो बूथ हटा दिए हैं। सोसायटी में करीब 2800 वोट हैं। लोगों की सहूलियत के लिए वर्ष 2004 में यहां के कम्यूनिटी सेंटर में छह बूथ बनाए गए थे। यहां हर बार वोट पड़ते थे। इस बार प्रशासन ने यहां के चार बूथ हटाकर ज्ञानखंड एक स्थित सेंट थॉमस स्कूल में बना दिया है। आरडब्ल्यूए अध्यक्ष शिशिर कानूनगो का कहना है कि सोसायटी से बूथ हटाए जाने से महिला व बुजुर्गों को परेशानी होगी। आरडब्ल्यूए की ओर से जिलाधिकारी से अपील की गई है कि यहां सभी बूथ रहने दिए जाएं ताकि अधिक से अधिक वोट डाले जा सकें।