गाजियाबाद/मसूरी। वेव सिटी थाना क्षेत्र में लालकुआं के पास मानसरोवर काॅलोनी में मंगलवार की रात में किसी समय किन्नर टीना उर्फ महेंद्र (48) की बर्बरता से पीटकर हत्या कर दी गई। बुधवार सुबह उनका शव उनके ही घर में पड़ा मिला। उनके परिवार के लोगों ने पड़ोस में रहने वाले आकाश (49) पर शक जाहिर किया।
पुलिस ने हिरासत में लेकर आकाश से पूछताछ की तो घटना का खुलासा हो गया। पुलिस का कहना है कि उसने बेटे गौरव और उसके दोस्त उज्ज्वल के साथ मिलकर हत्या की। आकाश ने पूछताछ में बताया कि महेंद्र उस पर शादी के दबाव बना रहे थे, इसलिए उनकी जान ली।
एसीपी सलोनी अग्रवाल ने बताया कि तीनों को गिरफ्तार कर लिया गया है। आकाश और टीना के बीच कई साल से नजदीकियां थीं। दोनों का काफी मिलना-जुलना था। पूछताछ में आकाश का कहना था कि टीना ने उस पर शादी के लिए दबाव बना रही थी। वह इन्कार कर रहा था। इसी बात पर कई बार विवाद हो चुका था। टीना अपने परिवार से अलग रहती थी। उसने उससे कहा कि वह भी परिवार को छोड़कर आ जाए और उसके साथ ही रहे।
साजिश बनाकर की हत्या
आकाश ने बताया कि जब टीना ने शादी की जिद पकड़ ली तो उसने अपने परिवार में इसकी जानकारी दी। परिवार के लोगों ने कहा कि ऐसा हरगिज नहीं होने देंगे। बेटे गौरव ने कहा कि उसे (टीना को) इतना पीटेंगे कि वह कभी शादी का नाम ही नहीं लेगी। उसने राम विहार कॉलाेनी बादलपुर, गौतमबुद्धनगर के निवासी अपने दोस्त उज्ज्वल को भी बुला लिया। तीनों रात में टीना के घर गए। वहां उसे बेरहमी से पीटा। उसके प्राण निकल जाने तक पीटते ही रहे। इसके बाद अपने घर चले गए। सुबह टीना के परिवार से कोई मिलने के लिए पहुंचा, तब लाश देखकर उसने पुलिस को सूचना दी।
डेढ़ लाख रुपये भी हड़पने थे
आकाश ने बताया कि टीना की हत्या की एक और वजह है। वह उनसे उधार दिए डेढ़ लाख रुपये मांग रही थी। उससे 15 लाख रुपये उधार लिए थे। इनमें से 13.5 लाख चुका दिए थे। बाकी के लिए वह तकादा कर रही थी। इसलिए, सोचा की हत्या कर दी जाए तो डेढ़ लाख भी बच जाएंगे। पूछताछ में आकाश ने बताया कि टीना चार साल पहले ही किन्नर बनी थी। पहले उसका नाम महेंद्र था। किन्नर बनने के बाद उसने नाम बदलकर टीना रख लिया था।