मुरादनगर। मसूरी पुलिस ने जयवीर हत्याकांड का खुलासा कर हत्यारे को गिरफ्तार कर लिया है। उधार दिए रुपये मांगने पर जयवीर की हत्या को अंजाम दिया।
डीसीपी ग्रामीण जोन रवि कुमार व एसीपी सदर निमिष पाटिल ने बताया कि 26 मार्च को मसूरी के मटियाला गांव के जंगल में एक अज्ञात व्यक्ति का शव मिला था। जिसकी गमछे से गला घोंट कर हत्या की गई थी। 31 मार्च को मसूरी थाने में रिपोर्ट दर्ज कर हत्या के खुलासे के लिए पुलिस की टीम बनाई गई थी। पांच अप्रैल को शव की शिनाख्त जयवीर सिंह (50) निवासी न्यू डिफेंस कॉलोनी रेलवे रोड मुरादनगर के रूप में हुई थी। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, सर्विलांस व मुखबिर की मदद से जयवीर की हत्या करने वाले आरोपी अरुण कुमार निवासी कृष्णा कॉलोनी मुरादनगर को गिरफ्तार किया।
उन्होंने बताया कि अरुण कुमार व जयवीर के बीच करीब बीस वर्ष पुराने पारिवारिक संबंध थे। जयवीर ने अरुण की बेटी की शादी में करीब तीन लाख रुपये खर्च किये थे। अब वह अरुण से रुपये का तकादा कर रहा था। इसके चलते अरुण ने जयवीर की हत्या की साजिश रची। पुलिस ने अरुण कुमार की निशानदेही पर मुरादनगर मलिकनगर नाले के पास से जयवीर का के मोबाइल की स्क्रीन व घटना में प्रयुक्त कार बरामद की।
प्लाट दिखाने के बहाने ले गया था जयवीर को
डीसीपी रवि कुमार ने बताया कि 25 मार्च को अरुण कार से जयवीर को प्लाट दिखाने के बहाने ओएफएम गेट के पास से अपने साथ ले गया था। मटियाला गांव में एक खाली प्लाट के पास जयवीर की गर्दन दबा दी, जयवीर की मौत के बाद भी उसे शक था कि वह जिंदा है। इसके बाद कार में पड़े गमछे से जयवीर का गला दबाया था।
जयवीर जिंदा है या मर गया उसे आवाज लगाई
डीसीपी ने बताया कि अरुण ने गमछे से जयवीर का गला दबा दिया था। वह जिंदा है या मर गया यह जानने के लिए हत्यारे ने जयवीर को अवाज लगाई थी। जयवीर नहीं बोला तो उसे उसके मरने का विश्वास हुआ।