गाजियाबाद। टायफाइड की जांच कराने पर एक ही दिन में दो लैबों की अलग-अलग रिपोर्ट आने की शिकायत जिलाधिकारी से की है। शिकायती पत्र में शास्त्रीनगर निवासी मुनेश कुमार ने कहा है कि उन्होंने बेटी की टायफाइड बुखार की जांच एक दिन में दो लैब और तीसरे दिन तीसरे लैब में कराई थी। इनमें से एक लैब ने रिपोर्ट पॉजिटिव बताई है, जबकि अन्य दो लैब ने निगेटिव बताई है। मुनेश ने तीनों लैबों की शिकायत जिलाधिकारी से की और जांच कर कार्रवाई की मांग की है।
मुनेश कुमार ने शिकायती पत्र में कहा है कि उनकी बेटी की तबीयत खराब होने पर डॉ. वीके अग्रवाल के पास इलाज कराने ले गए थे। डॉक्टर ने टायफाइड बुखार की जांच कराने की सलाह दी। उसके बाद शास्त्रीनगर स्थित सिंह पैथोलॉजी में जांच कराने पर टायफाइड आईजीएम पॉजिटिव बताया। उसी दिन यानी 20 फरवरी को वरदान मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल में दोबारा जांच कराने पर रिपोर्ट निगेटिव आई। 22 फरवरी को तीसरी बार कल्याण डायग्नोस्टिक सेंटर पर जांच में रिपोर्ट निगेटिव आई है। मुनेश ने कहा कि एक ही मरीज की एक ही बीमारी का अलग अलग रिपोर्ट आने पर सही कौन सी मानी जाए। ऐसे में पूरे प्रकरण की जांच कराने के बाद दोषी लैब संचालक के खिलाफ कार्रवाई की जाए, जिससे कि सामान्य मरीज परेशान न हों।
वहीं नोडल अधिकारी डॉ. पंकज राकेश का कहना है कि तीनों लैबों को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया है।