पॉलिसी का चेक पास होने पर भी बंद करने का भेजा नोटिस
- अदालत ने एलआईसी प्रबंधक सहित चार के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का दिया आदेश
माई सिटी रिपोर्टर
गाजियाबाद। पॉलिसी के लिए दिया चेक बैंक में पास होने के बावजूद पॉलिसी बंद करने का नोटिस भेजने पर अदालत ने एलआईसी के शाखा प्रबंधक सहित चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने का आदेश दिया है।
पूर्व सचिव अधिवक्ता परविंदर नागर ने बताया कि लोहिया नगर निवासी संजय सिंह ने एलआईसी एजेंट सौरभ के माध्यम से 28 अगस्त 2018 में तीन लाख रुपये की एलआईसी की एक पॉलिसी ली थी। उसने पॉलिसी के लिए एजेंट को 1500 रुपये नकद व 3062 का चेक दिया था। इसके बाद उसे एलआईसी से सर्टिफिकेट जारी कर दिया गया था। संजय सिंह के खाते से चेक का पेमेंट भी एलआईसी के नाम हो गया था। इसके बाद आगे किस्त भरने के लिए संजय सिंह ने 1582 नकद और 3062 का चेक एलआईसी के नाम दिया। चेक का भुगतान हो गया। मगर बाद में पता चला कि विभाग ने बैंक का चेक बाउंस होने की बात कहते हुए पॉलिसी बंद किए जाने की नोटिस संजय सिंह के पास भेज दी। आरोप है कि इसमें संजीव सिंह के नाम का चेक नोटिस के साथ भेजा जिसमें बताया गया कि चेक का भुगतान न होने के कारण आपकी पॉलिसी बंद की जाती है। इसके बाद संजय सिंह एलआइसी ऑफिस में गए तो पता चला कि उनका चेक दूसरे संजीव सिंह के खाते में भुगतान कर दिया गया था। इसके बाद शाखा प्रबंधक ने एक प्रार्थना पत्र लिखवाकर पॉलिसी जारी रखने और आरोपी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया। संजय सिंह ने न्याय पाने के लिए कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट ने अर्जी पर सुनवाई करते हुए एलआइसी के विकास अधिकारी, शाखा प्रबंधक, सहायक प्रबंधक व एजेंट के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने का आदेश मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रत्नेश दीप कमल आनंद ने दिया।