प्रदूषण को कम करेंगे गोबर के दीपक
-भारत विकास परिषद की महिलाएं तैयार कर रही गोबर के दिए
-लोगों के बीच दीपक वितरित कर प्रदूषण के प्रति कर रही जागरूक
माई सिटी रिपोर्टर
साहिबाबाद। प्रदूषित हो रहे पर्यावरण को बचाने के उद्देश्य से भारत विकास परिषद की महिलाओं ने गोबर के दीपक बनाने शुरू किए हैं। यह दीपक परिषद की ओर से सभी सदस्यों के साथ ही दूसरे लोगों के बीच भी वितरित किया जा रहा है।
भारत विकास परिषद की अध्यक्ष अर्चना गर्ग का कहना है कि पर्यावरण की सुरक्षा के लिए गोबर के दीये बहुत उपयोगी हैं। इनसे किसी प्रकार का प्रदूषण नहीं होता। गाय के गोबर से बने होने के कारण जब ये जलाए जाते हैं तो आस पास के कीटाणु मरते हैं । जो दीये बच जाते हैं उनको क्यारी में दबा दिया जाता है जिससे ये माटी को ऊर्वरा बनाते हैं। अर्चना गर्ग ने बताया कि वह कार्यशाला आयोजित कर अन्य महिलाओं को भी गोबर के दीये बनाना सिखा रही हैं। संस्था की ओर से सोसाइटी में काम करने वाली महिलाओं को इसका प्रशिक्षण दिया जा रहा है ताकि दीपावली के मौके पर गोबर के दीपक बनाकर बाजार में बेच सकें। संस्था की सदस्य रेखा अस्थाना बताती हैं कि वह लोग लगातार अपने सभी सदस्य को इस बार दीपावली पर गोबर के दीपक जलाने के लिए प्रेरित कर रही हैं।