बुलंदशहर। जनपद में संचालित निराश्रित गोवंश आश्रय स्थलों पर संरक्षित गोवंशों की बदहाली पर मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. लक्ष्मी नारायण निलंबित हो गए हैं। शासन के निर्देश पर पशुपालन विभाग मेरठ में अपर निदेशक ग्रेड-२ ने उनके निलंबन के आदेश जारी किए हैं। माना जा रहा है कि गत दिनों अनूपशहर विधायक के गोशाला में धरने पर बैठने के बाद पूरा मामला शासन तक पहुंचने पर यह कार्रवाई की गई है।
जनपद में 154 न्याय पंचायत और 17 निकाय क्षेत्रों में निराश्रित गोवंश आश्रय स्थल संचालित हैं। इन पर करीब दस हजार गोवंश संरक्षित हैं। शासन से इनके संचालन के लिए समय-समय पर राशि भी जारी होती है। बावजूद इसके गोवंश आश्रय स्थलों पर अनियमितताएं लगातार सामने आती रही हैं। गोवंश के लिए चारे, पानी और उनको जरूरी सुविधाएं न देने के मामले भी सामने आते रहें हैं। जिला प्रशासन से लेकर शासन तक गोशालाओं की व्यवस्थाओं की शिकायत भी करने का सिलसिला जारी रहा। जबकि मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी समेत अन्य संबंधित अफसर इन मामलों को दबाने का प्रयास करते रहें। लेकिन इन सभी अव्यवस्थाओं पर गत दिनों अनूपशहर विधानसभा से भाजपा विधायक संजय शर्मा ने औरंगाबाद क्षेत्र के गांव नगला करन स्थित गोवंश आश्रय स्थल पर अव्यवस्था का पता चलने पर धरना दिया था। विधायक के धरने पर बैठने की सूचना मिलते ही प्रशासनिक अमला मौके पर पहुंच गया था। मौके पर पहुंचे डीएम और एसएसपी सहित अन्य अधिकारियों ने किसी तरह से विधायक को मनाकर मामला शांत किया था। साथ ही विधायक की मांग पर पशु चिकित्सा अधिकारी, ग्राम प्रधान और एडीओ के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज करवाई गई थी। बताया जा रहा है कि विधायक संजय शर्मा के धरने पर बैठने की सूचना शासन तक पहुंच गई थी। इसे संज्ञान में लेते हुए पशुपालन विभाग मेरठ में अपर निदेशक ग्रेड-2 डॉ. राजेश कुमार ने आदेश जारी कर मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. लक्ष्मी नारायण को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। उनके स्थान पर डॉ. राजीव कुमार सक्सेना उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी खुर्जा को अतिरिक्त पदभार दिया गया है।
कोट
पशुपालन विभाग मेरठ में अपर निदेशक ग्रेड-२ ने मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी को निलंबित करने का आदेश जारी कर दिया है। उनके स्थान विभाग के दूसरे अधिकारी को आगामी आदेश तक भी तैनात करने के आदेश जारी कर दिए गए हैं। - अभिषेक पांडेय, मुख्य विकास अधिकारी