प्रेसिडियम स्कूल के निदेशकों पर 25 लाख हड़पने का मुकदमा दर्ज
इंदिरापुरम। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के निर्देश पर इंदिरापुरम थाने में प्रेसिडियम स्कूल के आठ निदेशक समेत नौ लोगों पर 25 लाख हड़पे का मुकदमा दर्ज हुआ है। प्रबंधन पर दो छात्रों की शिक्षा के बहाने एकमुश्त रकम हड़पी और बाद में फर्जी चेक पर हस्ताक्षर करने का आरोप है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
अहिंसाखंड निवासी वैभव गुप्ता ने अपने दो बेटों का दाखिला प्रेसिडियम स्कूल में कराया था। वहां प्रबंधन से रिचा नाम की स्टाफ ने उन्हें समदा सब्सिडी शिक्षा कार्यक्रम का प्रलोभन देकर कहा कि उन्हें एकमुश्त रुपये देने पर दाखिला फीस और स्कूल फीस के अलावा अन्य तरह के खर्चों से राहत मिल जाएगी फिर छात्रों के स्कूल छोड़ने पर उन्हें ब्याज के साथ बची हुई रकम वापस मिल जाएगी। इस पर उन्होंने 21 लाख और फिर चार लाख रुपये बाद में जमा करा दिए। आरोप है कि दोनों बच्चों की पढ़ाई होने के बाद जब निदेशकों सेे रुपये के लिए बात की तो प्रबंधन ने गलत चेक पर फर्जी हस्ताक्षर कर उन्हें दे दिया। बैंक में जांच कराने पर उन्हें जालसाजी का पता चला। इसके बाद उन्होंने स्कूल प्रबंधन से बात करने का प्रयास किया तो किसी ने भी कुछ नहीं बताया। उनके अब गले में कैंसर हो गया है। चिकित्सकों ने उपचार के लिए कहा है जबकि वह बेटों को पढ़ाने के लिए आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं। उन्होंने मामले की शिकायत पुलिस अधिकारियों से की लेकिन कहीं कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने कोर्ट में केस दायर किया। मजिस्ट्रेट के निर्देश पर इंदिरापुरम थाने में राजरानी गुप्ता, कमल कुमार सिंघल, आनंद बंसल, सुखविंदर सिंह मत्था, दिग्विजय यादव, प्रवीण कुमार और गणेश चंद्रा और अनिल कुमार व फर्जी अधिकृत हस्ताक्षरी युवक के खिलाफ धोखाधड़ी और अन्य धारा में मुकदमा हुआ है। इंदिरापुरम थाना प्रभारी देवपाल सिंह पुंडीर का कहना है कि मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। प्रधानाचार्य मनविंदर सिंह को कई बार फोन कर उनका पक्ष जानने का प्रयास किया लेकिन उन्होंने कॉल नहीं उठाई।