भोजपुर थाना क्षेत्र के ईशाकनगर गांव के पास रविवार रात भोजपुर पुलिस और क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीम की अंतरराज्यीय पंखिया गिरोह के बदमाशों के साथ मुठभेड़ हो गई। मुठभेड़ में तीन बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि एक बदमाश अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया। एक बदमाश के पैर में गोली लगने से वह घायल हो गया। पुलिस ने बदमाशों के कब्जे से नकदी और तमंचे बरामद किए हैं।
डीसीपी ग्रामीण जोन सुरेंद्र नाथ तिवारी और एसीपी मोदीनगर ज्ञानप्रकाश राय ने बताया कि पुलिस 26 मार्च को भोजपुर के अमराला गांव में हुई लूट और गोलीबारी की घटना की जांच कर रही थी। इस घटना में निजी कंपनी के प्रबंधक रजनीश शर्मा और किसान अजीत को गोली मारकर घायल कर दिया गया था। इसके अलावा, नंगलाबेर गांव में सो रही महिला जगरोशनी के कानों के कुंडल लूटे गए थे।
रविवार रात एसओ भोजपुर अमित शर्मा की अगुवाई में पुलिस फरीदनगर क्षेत्र में चेकिंग कर रही थी। तभी जंगल में चार संदिग्ध दिखाई दिए। पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी और जंगल की ओर भागे। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी गोलीबारी की और घेराबंदी कर तीन बदमाशों इतवारी, भारत और पदम उर्फ विष्णु को पकड़ लिया। फरार बदमाश का नाम अवतार बताया गया। सभी बदमाश शाहजहांपुर जिले के निगोही थाना क्षेत्र के ईशापुर गांव के रहने वाले हैं। इतवारी के पैर में गोली लगी है।
पूछताछ में बदमाशों ने बताया कि वे दिन में खुर्जा की क्रॉकरी बेचने के बहाने गांवों में रेकी करते थे और रात में चोरी, लूट और डकैती की वारदातों को अंजाम देते थे। विरोध करने पर वे गोली मारकर फरार हो जाते थे। 26 मार्च की रात अमराला गांव में रजनीश शर्मा और उनकी पत्नी व बहन से लूटपाट के दौरान रजनीश को गोली मारी गई। इसके बाद अजीत के घर लूट का प्रयास किया और नंगलाबेर में जगरोशनी के कुंडल लूटे। लूटे गए गहनों को बेचकर रकम आपस में बांटी गई।
पुलिस के अनुसार, पंखिया गिरोह के बदमाश बेहद शातिर हैं और मोबाइल फोन का इस्तेमाल नहीं करते। घटना के खुलासे के लिए पुलिस ने 600 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले। पकड़े गए तीनों बदमाशों पर प्रदेश के विभिन्न जनपदों में पांच से अधिक मुकदमे दर्ज हैं।