400 करोड़ के घोटाले में लक्ष्य तंवर का साथी दीपक कालरा गिरफ्तार
गाजियाबाद। 400 करोड़ रुपये के ऋण घोटाले के मामले में नगर कोतवाली पुलिस और एसआईटी ने रविवार को ऋण माफिया लक्ष्य तंवर के सहयोगी दीपक कालरा को गिरफ्तार किया है। नगर कोतवाली में 2021 में लक्ष्य तंवर के साथी दीपक, बैंक अधिकारी समेत कई लोगों के खिलाफ सिहानी गेट, कविनगर और सीबीआई देहरादून में मुकदमे दर्ज हैं। उनकी जांच में दीपक की भूमिका सामने आई है। दीपक कालरा सेनेटरी के फर्म का संचालन करता था।
एसपी सिटी निपुण अग्रवाल ने बताया कि दीपक कालरा सिहानी गेट के अशोक नगर का रहने वाला है। हाल में यह ग्रेटर नोएडा के रायल पार्क सिटी में रह रहा था। पूछताछ में पता चला कि लक्ष्य ने आगरा की बैंक शाखा से दीपक का 10 करोड़ रुपये का लोन कराया था। तभी से दोनों में अच्छे संबंध हो गए। धीरे-धीरे दीपक लक्ष्य के साथ मिलकर फर्जीवाड़ा करने में उसका साथ देने लगा और लोगों को विश्वास में लेकर उनके दस्तावेज लेकर जाली दस्तावेज तैयार कर लेता था। फर्जी दस्तावेज के आधार पर वह लक्ष्य के साथ मिलकर बैंक से करोड़ों का ऋण लेते थे। वह लक्ष्य का सक्रिय साथी था। दीपक ने अपनी सेनेटरी फर्म समेत अन्य फर्मों पर करोड़ो रुपये के ऋण ले रखे हैं। लक्ष्य पीएनबी के प्रबंधक और अन्य अधिकारियों के साथ मिलकर लोगों को विश्वास में लेकर फर्जीवाड़ा करके उनके नाम पर उनकी प्रॉपर्टी पर लोन लेता था।
12 आरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार
लक्ष्य तंवर, उसके पिता और पत्नी की चार संपत्तियों को कुर्क किया जा चुका है। साथ ही पुलिस मामले में अब तक 12 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। इसमें लक्ष्य, अशोक, प्रियदर्शनी, रामनाथ मिश्रा, उत्कर्ष कुमार, वरुण त्यागी, शिवम, सुनील अरोड़ा, नरेश बग्गा, तुषार गोयल, सुमित कुमार और निरंजन शामिल हैं।
दो बैंक अधिकारी और चार इनामी अभी फरार
मामले में बैंक अधिकारी तारिक हुसैन और संजय अभी फरार हैं। पांच आरोपी दक्ष बग्गा, विशेष बहल, सूरज कालरा, राजरानी कालरा और सुनील कुमार पर पुलिस ने 15-15 हजार का इनाम घोषित किया था। इनमें से पुलिस सुनील को गिरफ्तार कर चुकी है। चार इनामी फरार चल रहे हैं।