काली कमाई से ‘कुबेर’ बने नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेस-वे प्राधिकरण के पूर्व चीफ इंजीनियर यादव सिंह से सीबीआई ने करीब दो घंटों तक डासना जेल में पूछताछ की। पूछताछ में नोएडा के चर्चित टेंडर घोटाले में सीबीआई को कई महत्वपूर्ण जानकारियां हाथ लगी हैं।
सीबीआई ने पिछले दिनों कोर्ट में अर्जी देकर पूछताछ करने की मांग की थी। अर्जी पर सुनवाई के बाद विशेष न्यायाधीश पवन कुमार तिवारी से अनुमति मिलने के बाद यादव सिंह से मंगलवार को जेल में करीब दो घंटों तक पूछताछ की गई।
सूत्रों की मानें तो सीबीआई इस मामले में जल्द ही नई चार्जशीट कोर्ट में पेश करने जा रही है। यादव सिंह से पूछताछ के बाद उनके कुछ अन्य करीबियों पर भी शिकंजा कसे जाने की संभावना है।
बता दें कि नोएडा में नियम विपरीत चहेती फर्मों से अंडरग्राउंड केबल डालने का काम कराया गया। इसमें करोड़ों रुपये का बंटाधार किया गया था। यह मामला गाजियाबाद सीबीआई विशेष कोर्ट में विचाराधीन है।
प्रदीप गर्ग की जमानत अर्जी पर बहस जारी
यादव सिंह प्रकरण में ही डासना जेल में बंद एनकेजी इन्फ्रास्ट्रक्चर के प्रोपराइटर प्रदीप गर्ग की जमानत अर्जी पर बुधवार को जमकर बहस हुई। डिफेंस की ओर से अधिवक्ता रामअवतार गुप्ता ने बहस की। इस मामले में अगली सुनवाई के लिए कोर्ट ने अब 18 नवंबर की तारीख नियत की है।