वैशाली सेक्टर-4 के शॉप्रिक्स मॉल से युवक के कूदने और इलाज के दौरान मौत के मामले में अब पुलिस सुसाइड नोट की हैंडराइटिंग की जांच करेगी। मृतक के बैग में एक नोट मिलने के बाद से पुलिस इस मामले को सुसाइड मान रही थी, मगर परिजनों ने सुसाइड नोट की हैंडराइटिंग को किसी और का बताते हुए बेटे के अपहरण और हत्या का आरोप लगाया है।
बता दें कि बीते बुधवार शाम राजस्थान निवासी युवक रिंकू कुमार मीणा ने शॉप्रिक्स मॉल की चौथी फ्लोर से छलांग लगाकर सुसाइड की कोशिश की थी। बाद में यशोदा अस्पताल में रिंकू की इलाज के दौरान मौत हो गई थी।
रिंकू के पिता बत्ती लाल मीणा ने बृहस्पतिवार को आरोप लगाया था कि जो नोट रिंकू की बैग में मिला है, उसकी हैंडराइटिंग रिंकू की नहीं है। पिता ने बेटे के अपहरण के बाद उसकी हत्या का आरोप लगाया।
एसएचओ बीआर जैदी ने बताया कि परिजनों की तहरीर पर मामले की जांच की जा रही है। सुसाइड नोट और रिंकू के अन्य दस्तावेजों की हैंडराइटिंग की जांच की जाएगी। इसके बाद ही यह साफ हो सकेगा कि मामला हत्या का है या आत्महत्या का।
एसएचओ ने बताया कि मॉल की सीसीटीवी फुटेज से साफ हो गया है कि रिंकू अकेला ही मॉल में गया था। ऐसे में अपहरण का मामला नहीं लग रहा। जांच के बाद ही कार्रवाई की जाएगी। उधर, शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद रिंकू का शव परिजनों को सौंप दिया गया।
परिजन शव को लेकर पैतृक गांव दोनलपुर थाना महावीर जिला करौली, राजस्थान चले गए। गौरतलब है कि 22 सितंबर को रिंकू की तथाकथित प्रेमिका ने दिल्ली के क्रॉस रिवर मॉल की तीसरी मंजिल से कूदकर जान दे दी थी। रिंकू को इस मामले में जेल भेज दिया गया था। वह एक माह पहले ही वह जेल से छूटकर आया था।