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मसूरी नहर के किनारे मिले मेरठ से लापता छात्रों के शव

Sun, 16 Apr 2017 12:47 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ गाजियाबाद
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इसी नहर के पास मिला था छात्रों का शव - फोटो : अमर उजाला
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मसूरी नहर के किनारे नाहल को जाने वाले रास्ते पर मेरठ के दो लापता छात्रों का शनिवार को शव मिलने से सनसनी फैल गई। मेरठ पुलिस ने दोपहर करीब पौने बारह बजे मौके पर पहुंचकर शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिए। परिजनों का आरोप है कि अपहरण कर फिरौती के लिए दोनों की हत्या की गई है। मसूरी पुलिस का कहना है कि मेरठ पुलिस ही मामले की जांच कर रही है।
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मेरठ के मुंडाली थाना क्षेत्र के जिसौरा गांव निवासी सद्दाम और बाबर दिल्ली की जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय के छात्र थे। हिंडन मॉर्चरी पर मौजूद उनके परिजनों ने बताया कि 10 अप्रैल को दोनों मेरठ से कॉलेज जाने के लिए निकले थे।

इसके बाद से लापता हो गए। दूसरे दिन परिजनों को एक कॉल आई। जिसमें उन्हें छोड़ने की एवज में 80 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई थी। परिजनों ने मामले की शिकायत पुलिस से की। पुलिस ने छात्रों का नंबर ट्रैस कर गांव निवासी अय्यूब को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो मामला प्रेम-प्रसंग का निकला।
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परिजनों ने बताया कि पुलिस के अनुसार अय्यूब ने दोनों की हत्या करने की बात कबूल ली है। आरोपी की निशानदेही पर मेरठ पुलिस मसूरी पहुंची और नहर किनारे झाड़ियों से शव को बरामद किया। शव की हालत को देखकर पुलिस को लग रहा है कि हत्याएं दो-तीन दिन पहले की गई हैं।

पोस्टमार्र्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए हैं। एसएचओ मसूरी दिनेश यादव के अनुसार आरोपी अय्यूब ने बताया कि गांव की एक युवती से अय्यूब के प्रेम संबंध थे। उसी युवती के बाबर के साथ भी संबंध थे।

अय्यूब को इसका पता चला तो उसने गांव में ही रहने वाले हैदर के साथ मिलकर उसने बाबर की हत्या की साजिश रची। साथ में सद्दाम था तो उसकी भी हत्या कर दी। दोनों ने हत्या कर शव को मसूरी नहर के किनारे झाड़ियों में फेंक दिया था। एसएचओ ने बताया कि मेरठ पुलिस ही मामले की जांच कर रही है।

परिजनों का आरोप फिरौती के लिए हुई हत्या
गाजियाबाद स्थित हिंडन घाट के किनारे पोस्टमार्टम हाउस पर पहुंचे छात्रों के रिश्तेदार अजवर ने कहा कि उनका गांव में किसी से कोई विवाद नहीं था। 11 अप्रैल को किसी ने फोन कर 80 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी।

फिरौती के लिए ही दोनों की हत्याएं की गई हैं। उन्होंने प्रेम-प्रसंग के मामले को गलत बताया है। उन्होंने कहा कि दोनों पढ़ाई में बेहद अच्छे थे। ऐसे में प्रेम-प्रसंग का सवाल ही नहीं उठता। पुलिस मामले को जबरन प्रेम-प्रसंग का रूप देने में लगी है।
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