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Ghaziabad News: मोदी स्टील के पूर्व महाप्रबंधक के खिलाफ 83 लाख की धोखाधड़ी का केस

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गाजियाबाद। हापुड़ के स्क्रैप कारोबारी राहत अली ने मोदी स्टील के पूर्व महाप्रबंधक अंबर जेटली समेत पांच लोगों के खिलाफ 83 लाख रुपये की धोखाधड़ी के आरोप में मसूरी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। आरोप है कि अंबर जेटली ने पुराने वाहनों को खरीदने का नकली लाइसेंस उनको दिलवा दिया। तीन बीघा जमीन दिल्ली में 1.31 लाख प्रतिमाह के किराये में तय करा दी। कई महीने उनको किराये उन्होंने जमा किया। बाद में पता चला कि लाइसेंस नकली था। इसके बाद उन्होंने मसूरी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई।
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हापुड़ के थाना कपूरपुर स्थित बझैड़ा कलां निवासी राहत अली ने बताया कि उनकी मुलाकात ढबारसी निवासी शकील से हुई थी। शकील ने उनको गुरुग्राम के न्यू आनंदा सेक्टर 81 निवासी अंबर जेटली से मिलाया। अंबर जेटली ने कहा कि दिल्ली में पुराने वाहनों को खरीदने का लाइसेंस मिल रहा है। उनकी परिवहन विभाग में अच्छी जान पहचान है। वह उनको इसका लाइसेंस दिला सकते हैं। उसके विश्वास में आकर उन्हाेंने बात आगे बढ़ा दी। दिल्ली के रधोपुरा इलाके में उन्होंने तीन बीघा जमीन 1.31 लाख रुपये प्रति माह के किराये पर दिलवा दी। पहले महीने से ही उनका किराया शुरू हो गया। लाइसेंस जल्द जारी होने के आश्वासन पर उन्होंने जमीन पर निर्माण कार्य शुरू करा दिया, जिसमें करीब 30 लाख रुपये का खर्च आया। स्क्रैप की मशीनें खरीदने, लाइसेंस आदि के लिए उन्होंने करीब 20 लाख रुपये अंबर जेटली के खाते में दिए। शेष रकम अन्य लोगों के खाते में दी और 30 लाख से ज्यादा उनको नकद दी गई। कुल मिलाकर 83 लाख रुपये उन्होंने दे दिए।
बीते साल के अंत में एक लाइसेंस उनको अंबर जेटली ने दिया, जब वह उसको लेकर परिवहन विभाग के दफ्तर गए तो पता चला कि वह नकली है। इसपर आपत्ति दर्ज कराई तो उन्होंने जान से मारने की धमकी दी। मामले में उन्होंने पुलिस आयुक्त को शिकायत दी। पुलिस आयुक्त के आदेश पर मसूरी थाने में अंबर जेटली, शकील, नरेंद्र कटारिया आदि के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हुई। एसीपी मसूरी नरेश कुमार ने बताया कि जांच कराई जा रही है।
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पहले भी दर्ज है कई मुकदमे :
राहत अली ने बताया कि अंबर जेटली मोदी स्टील में महाप्रबंधक रहे हैं। वहां भी उन पर करोड़ों की धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज हुआ था। कई लोगों से पैसा लेकर न चुकाने के मामले में उनके खिलाफ चेक बाउंस के मुकदमे कोर्ट में विचाराधीन हैं।

इनका कहना है :
मोदी स्टील के पूर्व महाप्रबंधक अंबर जेटली का कहना है कि इस मामले में पहले भी शिकायत हुई थी, उसमें उनको क्लीन चिट मिल गई थी। यह मुकदमा राजनीतिक दबाव में दर्ज हुआ है। जिन लोगों ने कराया है, उनका आपराधिक रिकॉर्ड हैं। जांच में सब स्पष्ट हो जाएगा।
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