साहिबाबाद। कोतवाली पुलिस ने फरवरी 2024 में एक युवक की मौत के मामले में छह माह बाद पत्नी और उसके दोस्त समेत चार लोगों पर आत्महत्या के लिए उकसाने, मारपीट, धमकी, साजिश रचने व अन्य धारा में मुकदमा दर्ज किया है। मृतक की मां ने पुलिस आयुक्त से मामले में कार्रवाई की गुहार लगाई थी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
महिला का कहना है कि उनके बेटे की शादी नवंबर माह में पश्चिमी दिल्ली की एक युवती से 2016 में हुई थी। बेटे ने दोस्त की मदद से गुरुग्राम में फ्लैट खरीदा था। बाद में दोनों वहां रहने चले गए। आरोप है कि वहां बहू और दोस्त के बीच नजदीकी बढ़ गई। दोनों ने संबंध भी बना लिए। इसका पता चलने पर बेटे ने विरोध किया तो दोस्त और बहू दोनों ने उसे मारने की धमकी दी। इस बीच बहू ने एक बच्चे को जन्म दिया।
उन्होंने बहू को समझाने का प्रयास किया लेकिन वह नहीं मानी। दोनों के संबंध खत्म कराने के लिए बेटा अपने साथ बहू और बच्चे को लेकर पुणे रहने चला गया, लेकिन वहां भी दोनों मिलते रहे। विवाद ज्यादा बढ़ने पर बहू उसे छोड़कर दोस्त के साथ रहने लगी। पुलिस में शिकायत की बात कहने पर बहू की बुआ ने बेटे को तलाक की धमकी दी। इतना ही नहीं, वह बेटे को अपने बच्चे से भी नहीं मिलने देती थी। तीनों लोगों ने बेटे को कई बार फ्लैट में बंद करके बुरी तरह पीटा। इससे आहत होकर बेटे ने जहर खाकर जान देने का प्रयास किया। उनका कहना है कि बहू और बच्चे के अलग रहने से दुखी होकर उनका बेटा पुणे से घर लौट आया। उसके बाद वह बीमार रहने लगा। गंभीर हालत में वह बेटे को इलाज के लिए अस्पताल लेकर गईं। वहां एक युवती ने उन्हें बताया कि उनके बेटे के साथ उसका संबंध है, वह उनके बेटे की प्रेमिका है ऐसे में वह उनके बेटे के साथ रहेगी। आरोप यह भी है कि युवती अपने संबंध का हवाला देकर बीमार बेटे के कान से आभूषण उतारकर ले गई। अस्पताल में होश आने पर 17 फरवरी को बेटे ने उन्हें बताया कि पत्नी, उसके प्रेमी दोस्त व बुआ के अलावा युवती ने उसके नाम से कई लाख के लोन ले रखे हैं, जिसकी किस्त वह भर रहा है। इस बीच डॉक्टर ने उन्हें आराम करने के लिए सुला दिया। दो दिन बाद बेटे की मौत हो गई।
एसीपी साहिबाबाद रजनीश उपाध्याय का कहना है कि मामले में मारपीट, आत्महत्या के लिए उकसाने, रुपये गबन करने व साजिश रचने का मुकदमा दर्ज कर जांच गंभीरता से शुरू कर दी है।