वंदना श्यारौलिया
गाजियाबाद। चाय में चीनी कम होने से रिश्तों में कड़वाहट बढ़ गई। बहू के चाय में चीनी कम डालने से सास ने डांट लगा दी, इस बात को लेकर पति-पत्नी में भी विवाद हो गया। विवाद इतना बढ़ गया कि महिला तीन महीने से अपने मायके में रह रही है और ससुराल से कोई उसे लेने नहीं गया। मोदीनगर की महिला ने परिवार परामर्श केंद्र में मामला दर्ज कराया कि तीन महीने से वह मायके में रह रही है और ससुराल वाले उसे लेने नहीं आ रहे हैं।
मामले की काउंसिलिंग में पता चला कि चाय में चीनी कम डालने की वजह से विवाद शुरू हुआ था। महिला की शादी को तीन साल हुए हैं और उसकी डेढ़ साल की एक बेटी है। महिला ने बताया कि उसकी सास उसे ताने देती है और कहती है कि वह अपने मायके वालों को पैसे देती है। पति भी सास की बातों में आ जाता है और उसकी कोई बात नहीं सुनता।
काउंसिलिंग के दौरान महिला के पति ने कहा कि ये छोटी-छोटी बातों पर झगड़ा करती है और उसी से विवाद इतना बढ़ जाता है। महिला की सास से भी बात की गई तो उसने बताया कि मैंने सिर्फ इसे समझाया था और उसी बात का इसे बुरा लग गया। मामले की सुनवाई काउंसलर ज्योति गुप्ता, इंस्पेक्टर बबीता यादव और शुभम ने की। महिला को समझाने के बहुत प्रयास किए गए लेकिन महिला जिद पर अड़ी रही कि अब वह सास-ससुर के साथ नहीं रहेगी, पति के साथ अलग रहेगी।
परामर्श केंद्र में मामले आने हुए कम :
परामर्श केंद्र प्रभारी नेहा चौहान ने बताया कि केंद्र में पिछले तीन महीने से मामले आने बहुत कम हो गए हैं। एक दिन में प्रत्येक चैंबर के पास केवल आठ से दस फाइलें आती हैं। कई बार तो पांच-छह फाइलें ही आती है। एक या दो बजे तक सभी की काउंसिलिंग हो जाती है, जिसके बाद केंद्र में कोई काम नहीं होता। पहले 30 से 40 फाइलें आती थी, जिसमें पांच बजे तक काउंसिलिंग खत्म करना मुश्किल हो जाता था।