गाजियाबाद। निवेशक सम्मेलन में मिले निवेश के प्रस्तावों पर अब काम शुरू हो गया है। सोमवार को लखनऊ में हुए भूमि पूजन समारोह (ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी) में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश भर के प्रस्तावों के साथ-साथ गाजियाबाद के 36,224 करोड़ के निवेश के प्रोजेक्टों का शुभारंभ कर दिया। इस निवेश से 26,663 लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा होंगे। लखनऊ में हुए इस कार्यक्रम का सजीव प्रसारण राजनगर एक्सटेंशन के एक फार्म हाउस में भव्य आयोजन कर कराया गया। समारोह में स्थानीय सांसद व केंद्रीय मंत्री और विधायकों ने निवेशकों को 15 बड़े निवेशकों को सम्मानित किया।
लखनऊ में हुई ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी-4.0 में कुल 10 लाख करोड़ के निवेश वाले 14 हजार प्रस्तावों को धरातल पर लाने के लिए हरी झंडी दे दी गई। इसमें गाजियाबाद के पहले चरण में 36,224 करोड़ रुपये का निवेश होगा। इस रकम से स्वास्थ्य क्षेत्र में यशोदा समूह ने 800 करोड़ रुपये का निवेश कर सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल बनाने का प्रस्ताव दिया है। इसी समूह की ओर से अन्य प्रोजेक्ट में 300 करोड़ रुपये और निवेश किए जाएंगे। हमदर्द लेबोरेटरी की ओर से आयुष विभाग में 50 करोड़ रुपये निवेश किए जाएंगे। समरकूल होम अप्लाइंसेज, वीके टायर इंडिया लिमिटेड की ओर से भी 50-50 करोड़ का निवेश होगा। भवानी फायर प्रोटेक्शन प्रा.लि. की ओर से 49 करोड़ और यूनाइटेड कंपोशीट्स प्रा.लि. की ओर से 45 करोड़ का निवेश होगा। इसके अलावा कई निवेशकों ने दो से 30 करोड़ रुपये तक के निवेश के प्रस्ताव दिए थे, जिन पर अब काम शुरू हो जाएगा।
राजनगर एक्सटेंशन में सजीव प्रसारण के लिए आयोजित समारोह के मुख्य अतिथि स्थानीय सांसद व केंद्रीय मंत्री वीके सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश के प्रवेश द्वार कहा जाने वाला गाजियाबाद उत्तर प्रदेश के विकास में पथ प्रदर्शक साबित होगा। यहां के निवेशकों के 36,224 करोड़ के 278 प्रस्तावों को इस सेरेमनी के माध्यम से साकार किया गया। इनमें से एमएसएमई क्षेत्र के 2175 करोड़ के 160 एमओयू तैयार हैं। ये सभी निवेशक बधाई के पात्र हैं जो प्रदेश सरकार की नीतियों के माध्यम से दिए जा रहे प्रोत्साहन व अन्य सुविधाओं का लाभ लेते हुए अपनी इकाई की स्थापना की ओर बढ़े और न केवल जिले बल्कि उत्तर प्रदेश व देश के विकास में सहभागी बन रहे हैं। विधायक अतुल गर्ग ने कहा कि गाजियाबाद इन नई इकाइयों की स्थापना के साथ और बड़े औद्योगिक हब के रूप में स्थापित होगा और बड़े पैमाने पर रोजगार का सृजन करेगा। जिले में लगभग 72,000 औद्योगिक इकाइयां हैं और नए निवेश प्रस्तावों के साथ इनकी संख्या में वृद्धि होगी। इन उद्योगाें से 1.50 लाख रोजगार सृजित हो सकेंगे। जिले से फिलहाल प्रतिवर्ष करीब 18,000 करोड़ रुपये का निर्यात किया जा रहा है, भविष्य में यह और बढ़ेगा और गाजियाबाद निर्यात हब के रूप में भी अपनी पहचान बनाएगा। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष ममता त्यागी, डीएम इंद्र विक्रम सिंह, शहर विधायक अतुल गर्ग, एमएलसी दिनेश गोयल, नगर आयुक्त विक्रमादित्य मलिक, सीडीओ अभिनव गोपाल, एलडीएम हिमांशु, उद्यमी संजीव गुप्ता, जैन, ललित जायसवाल, हरिओम गुप्ता, उपेंद्र गोयल, अरुण शर्मा समेत बड़ी संख्या में निवेशक मौजूद रहे।
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बयान
डीएम इंद्र विक्रम सिंह ने कि बताया कि कुल 36224 करोड़ के प्रस्तावों में से 10 करोड़ से ज्यादा निवेश के 134 प्रस्तावों के जरिए 35,522.19 करोड़ का निवेश होगा और 10 करोड़ से कम निवेश के 134 प्रोजेक्ट में 701.38 करोड़ रुपये निवेश होंगे। पूरे प्रदेश के साथ-साथ गाजियाबाद भी विकास की राह पर और तेजी से चलेगा। इस निवेश से करीब 26 हजार से ज्यादा लोगों को रोजगार मिलेगा।
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विभागवार निवेश के प्रोजेक्ट का ब्योरा
विभाग प्रोजेक्ट की संख्या निवेश की रकम (करोड़ में)
एमएसएमई 160 2175
हैंडलूम 11 691
उद्यान विभाग 29 19020
आवास विभाग 34 8640
यूपीसीडा 15 3562
मेडिकल 02 1100
पर्यटन विभाग 04 433
उच्च शिक्षा 03 302
पशुपालन 01 100
सहकारिता विभाग 02 120
एक्साइज विभाग 02 110
डेयरी विभाग 02 71
आयुष विभाग 01 50
अतिरिक्त ऊर्जा 01 25
खाद्य सुरक्षा विभाग 02 27
तकनीकि शिक्षा 04 32
ट्रांसपोर्ट विभाग 02 16
आईटी व इलेक्ट्रॉनिक्स 02 37