गाजियाबाद। गेमिंग एप के जरिये लेवल अपडेट करने के लिए शातिर ने किशोर को वीडियो कॉल करके धमकी दी। शातिर ने किशोर के पिता के खाते की जानकारी लेकर ओटीपी ले लिया और खाते से 2.51 लाख रुपये निकाल लिए। मामले में किशोर के पिता को खाते से रुपये निकलने का पता चला तो वह पहले बैंक के चक्कर लगाते रहे लेकिन किशोर को परेशान देख पूछा तो उन्हें पता चला कि उनके बेटे से ही यह धोखाधड़ी हुई है। मामले में उन्होंने साइबर सेल में शिकायत कर नंदग्राम थाने में केस दर्ज कराया है।
किशोर के पिता नोएडा की एक एमएनसी में नौकरी करते हैं। सितंबर 2022 से अक्तूबर 2022 के बीच किशोर अपनी मां के मोबाइल पर बैटल गेम खेलता था। इसी दौरान किशोर ने गेम खेलने वाले एक व्यक्ति से ऑनलाइन संपर्क किया और लेवल अपडेट करने की जानकारी ली। शातिर ने उनका मोबाइल नंबर लेकर वीडियो कॉल की। इसके बाद शातिर ने किशोर को परिवार को मारने की धमकी देकर उसके पिता के खाते की जानकारी ले ली और ओटीपी पूछकर यूपीआई आईडी बना ली। इसके बाद उनके खाते से कई बार में रकम निकाल ली।
एसीपी नंदग्राम रवि कुमार सिंह ने बताया कि मामले में केस दर्ज किया गया है। साइबर सेल की मदद लेकर जांच की जा रही है।
बेटे को परेशान देख पूछा तो ठगी का पता चला
किशोर के पिता का कहना है कि उनके खाते से जब रकम निकाली गई तो उन्हें ठगी के बारे में नहीं पता था। उन्होंने पहले बैंक में शिकायत की। जांच में पता चला कि उनकी यूपीआई को आधिकारिक तरीके से ओटीपी की जानकारी के जरिये इस्तेमाल किया गया है। इसके बाद ट्रांजेक्शन हुई है। वह कई दिनों तक बैंक चक्कर लगाते रहे। इसी बीच उन्होंने बेटे को कुछ परेशान और गुमसुम देखा तो उससे बातचीत की। तब उसने पूरी कहानी बताई। इसके बाद उन्हें ठगी का पता चला।