मंगलवार को दिल्ली में आग लगने की दो घटनाएं हुईं। मुंडका में सवेरे के समय आग लगी और गांधी नगर मार्केट में रात 10-11 के बीच आ लगी। दोनों घटनाओं में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।
मुंडका औद्योगिक क्षेत्र में स्थित धागा बनाने वाली एक फैक्टरी में मंगलवार सुबह अचानक आग लग गई। कुछ ही देर में आग ने भयावह रूप ले लिया और पास की एक अन्य धागा बनाने वाली और जूते चप्पल बनाने की फैक्टरी में फैल गई। सूचना मिलने के बाद दमकल की 26 गाड़ियां मौके पर पहुंची। आग बुझाने के दौरान टिनशेड की बनी धागे बनाने वाली दो फैक्टरियां भरभराकर गिर गई। वहीं, जूते चप्पल की फैक्टरी की पहली मंजिल गिर गई। आग में कोई हताहत नहीं हुआ है। चार घंटे की मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह से काबू पा लिया गया। पुलिस आग लगने के कारणों की जांच कर रही है।
दमकल अधिकारियों ने बताया कि मंगलवार 11.12 बजे मुंडका औद्योगिक क्षेत्र की एक फैक्टरी में आग लगने की जानकारी मिली। सूचना मिलते ही आस पास के फायर स्टेशनों से एक दर्जन दमकल की गाड़ियों को मौके पर भेजा गया। वहां पहुंचने पर पता चला कि आग धागा बनाने वाली फैक्टरी में लगी है और आग पड़ोस की एक अन्य धागा बनाने वाली फैक्टरी में फैल गई है। दमकल कर्मी तुरंत आग बुझाने में जुट गए। लेकिन आग की भयावहता इतनी थी कि आग सामने की एक जूते चप्पल बनाने की फैक्टरी में फैल गई। दमकल अधिकारियों ने 14 और गाड़ियों को मौके पर बुलाकर आग को मध्यम दर्जे का घोषित कर दिया। उसके बाद तीनों फैक्टरी पर पानी की बौछार की गई।
आग बुझाने के दौरान टिनशेड की बनी धागा बनाने की फैक्टरी पूरी तरह से ध्वस्त हो गई। वहीं जूते चप्पल बनाने वाली फैक्टरी की पहली मंजिल भी भरभराकर गिर गई। करीब चार घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया। दमकल अधिकारियों ने बताया कि आग लगने के बाद फैक्टरियों में मौजूद लोग सुरक्षित बाहर निकल गए थे। जिससे कोई हताहत नहीं हुआ है। आशंका है कि शार्ट सर्किट की वजह से आग लगी है। पुलिस आग लगने के कारणों की जांच कर रही है।
गांधी नगर में रात को लगी आग
दिल्ली अग्निशमन विभाग के अनुप कुमार ने बताय कि छह ब्रिगेड मौके पर मौजूद हैं। आग लगने की सूचना कपड़ा गोदाम की पहली मंजिल पर दी गई थी। बाजार में काफी भीड़ होने और गलियां खराब होने के कारण डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया। फायर ब्रिगेड घटनास्थल से लगभग 500 मीटर की दूरी पर तैनात थी और इतनी दूरी से पानी का पाइप लाया गया। घटना में कोई हताहत नहीं हुआ।
वहीं, गांधी नगर के विधायक अनिल बाजपेयी ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि 1960 से गांधी नगर में कोई फायर स्टेशन नहीं है। मैंने इस मुद्दे को दिल्ली विधानसभा में उठाया है और मैं दिल्ली फायर ऑफिसर अतुल गर्ग से तीन बार मिल चुका हूं। उन्होंने कहा कि वहां एक जमीन खाली पड़ी है। वहां एक फायर स्टेशन बनाया जाएगा। मैं इस मामले को लेकर दो बार एलजी से भी मिल चुका हूं।