दक्षिण दिल्ली के कोटला मुबारकपुर (केएमपुर) पुलिस स्टेशन में दिल्ली स्थित मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान (एमडीएनआईवाई) के निदेशक डॉ. ईश्वरप्पा वीरभद्रप्पा बसवराड्डी के खिलाफ जालसाजी की प्राथमिकी दर्ज की गई है। प्राथमिकी साकेत कोर्ट के आदेश पर दर्ज की गई है। एमडीएनआईवाई के निदेशक पर आयुष मंत्रालय में नौकरी पाने के लिए फर्जी सेवा प्रमाणपत्र लगाने का आरोप है। मामले की जांच के लिए केएमपुर थाने की एकटीम गठित की गई है।
मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान आयुष मंत्रालय, भारत सरकार (पूर्व में स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय) के अधीनस्थ काम करता है। ये विभिन्न शैक्षणिक, स्वास्थ्य और चिकित्सा कक्षाओं के नियमित संचालन के साथ साथ अंतरराष्ट्रीय योग दिवस का मुख्य आयोजन करता है। डॉ. ईश्वरप्पा वीरभद्रप्पा बसवराड्डी योग संस्थान में पिछले 17 वर्षों से निदेशक पद पर कार्यरत हैं। डॉ. अरुण कुमार सिंह ने दी शिकायत में उन पर फर्जी प्रमाणपत्र लगाकर नौकरी हासिल करने का आरोप लगाया है। डा. अरुण कुमार की शिकायत पर साकेत कोर्ट ने एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए है।
आरोप गलत: डॉ. ईश्वरप्पा
डॉ. ईश्वरप्पा वीरभद्रप्पा बसवराड्डी का कहना है कि उनके खिलाफ गलत आरोप लगाए गए हैं। उन्होंने कहा कि पूछताछ के लिए पुलिस ने उनसे संपर्क किया है। उन्होंने पुलिस को बताया है कि उन्हें बदनाम किए जाने के लिए ऐसा किया जा रहा है।