अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसी) आनंद शर्मा ने निरोगी हरियाणा योजना की सोमवार को समीक्षा करते हुए कहा कि योजना का उद्देश्य लोगों को उनकी सहूलियत के अनुसार स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना है। वहीं शिक्षा, महिला एवं बाल विकास और श्रम विभागों के अधिकारियों से तालमेल करके बेहतर क्रियान्वयन के साथ ट्रीटमेंट के टारगेट पूरे करें। जिले में इस योजना में 6.82 लाख लोग शामिल हैं। इसमें से अभी 1.11 लाख का उपचार हुआ है। ऐसे में विभाग जांच दर को बढ़ाने पर काम कर रहा है।
आनंद शर्मा ने कहा कि हरियाणा सरकार द्वारा शुरू की गई निरोगी हरियाणा योजना का मुख्य उद्देश्य लोगों को उनकी सहूलियत के अनुसार स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना है। जिसके अंतर्गत राज्य में रहने वाले की बिल्कुल मुफ्त में मेडिकल जांच की जा रही है ताकि सरकार अपने राज्य में रहने वाले नागरिकों के मेडिकल रिकॉर्ड को अपने पास रख सके। इसके अलावा योजना के अंतर्गत अगर कोई भी गंभीर बीमारी है, तो उसकी जांच भी सरकार द्वारा निशुल्क की जा रही है। उसके लिए एक भी पैसा लाभार्थी को देने की जरूरत नहीं है। इस योजना के तहत आवेदन कर मुक्त में चेकअप करवाया जा रहा है।
निरोगी हरियाणा योजना हरियाणा सरकार के द्वारा संचालित एक जनहितकारी योजना है। योजना के तहत राज्य में रहने वाले नागरिकों का मुफ्त में मेडिकल चेकअप किया जा रहा है। जिससे अगर कोई गंभीर बीमारी निकले तो उसका इलाज निशुल्क किया जा सके। इस योजना के माध्यम से सरकार अपने राज्य के नागरिकों के स्वास्थ्य संबंधी डाटा को अपने पास रखना चाहती है, ताकि जरूरत पड़े पर इसका इस्तेमाल किया जा सके। इसके अलावा नागरिकों को स्वास्थ्य संबंधित सुविधा का लाभ देना योजना का प्रमुख लक्ष्य है।
इस योजना के तहत राज्य के नागरिकों को उपचार के लिए 6 भागों में विभाजित किया गया है। जिसके लिए 25 से ज्यादा परीक्षण की श्रृंखला निर्धारित की गई है। इसके अलावा दूसरे प्रकार के अन्य टेस्ट भी डॉक्टर के सलाह पर किए जा रहे हैं और 2 दिनों के भीतर रोगी को उसके टेस्ट की रिपोर्ट भी दी जा रही है। राज्य सरकार द्वारा प्रथम चरण में 32 चिकित्सा संस्थाओं को सरकार के द्वारा चयनित किया गया है। समीक्षा बैठक में सीएमजीजीए श्रुति शर्मा, सीएमओ डॉ. विनय गुप्ता, जिला नोडल अधिकारी डॉ. एम पी सिंह, एसएमओ डॉ मान सिंह सहित अन्य चिकित्सा अधिकारी मौजूद रहे ।