फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Faridabad News: उद्योगों और वाहनों से निकलने वाला धुआं हवा में घोल रहा जहर

विज्ञापन
विज्ञापन
एनआईटी में पीएम-10 का अधिकतम स्तर 424 तक पहुंचा, ग्रैप की पाबंदियां लागू होने के बाद भी निर्माणाधीन इमारतों पर कार्रवाई न होने से चल रही मनमानी
विज्ञापन

एनआईटी में वायु गुणवत्ता सूचकांक पहुंचा 244, यहां पीएम-2.5 कणों का स्तर 317 तक बढ़ने से सांस लेने में आ रही दिक्कत
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। शहर में उद्योगों और वाहनों से निकलने वाला धुआं और सड़कों और इमारतों के निर्माण से निकलने वाली धूल-मिट्टी शहर की हवा में जहर घोल रही है। ग्रैप की पाबंदियां लागू होने के बाद भी शनिवार को भी कई स्थानों पर सड़कों और इमारतों का निर्माण जारी रहा। शहर में शनिवार को सबसे अधिक प्रदूषित रहे एनआईटी क्षेत्र में पीएम-10 का स्तर 424 पहुंच गया। यहां उद्योगों और वाहनों से निकलने वाले धुएं के चलते पीएम-2.5 का स्तर भी अधिकतम 317 पर पहुंचा। एनआईटी केंद्र में वायु गुणवत्ता सूचकांक ऑरेंज जोन में अधिकतम 244 पर रहा। वहीं, पूरे शहर का वायु गुणवत्ता सूचकांक का भी औसत 192 दर्ज किया गया।
शहर में शनिवार को हवा की गति मद्यम पड़ने पर शहर के चारों प्रदूषण मापक केंद्र का औसत स्तर 192 तक पहुंच गया। प्रदूषण नियंत्रक केंद्र की ओर से जारी चेतावनी के अनुसार लंबे समय तक प्रदूषण की यह स्थिति बने रहने से लोगों को सांस की बीमारी होने की संभावना बताई गई है। इस दौरान सुबह और शाम के समय शहर के वायुमंडल में धूल और धुएं का गुबार भी महसूस हुआ। प्रदूषण के चलते लोगों ने आंखों में जलन महसूस की। वहीं, शहरवासियों को गले में हल्का संक्रमण और खांसी-जुकाम की भी शिकायत देखने को मिली।
विज्ञापन


दूसरी ओर, शहर में लगातार ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रैप) की पाबंदियों के बावजूद निर्माण कार्यों पर लगाम नहीं लग पा रही है। नगर निगम की ओर से दी गई चेतावनी के बावजूद एनआईटी, बल्लभगढ़ में कई स्थानों पर इमारतों का निर्माण कार्य बदस्तूर जारी दिखा। एनआईटी-4-5 चौक के पास बिजली के तार डालने के चलते सड़क पर खुदाई का कार्य चल रहा है। इसके अलावा ईएसआईसी अस्पताल के नजदीक कुछ इमारतों में चेतावनी के बाद भी निर्माण कार्य बदस्तूर जारी है।
विज्ञापन


-
10 स्थानों पर तंदूर पर किए पांच हजार के चालान
नगर निगम की ओर से शनिवार को 10 स्थानों पर तंदूर चलाने वालों पर कार्रवाई की गई। निगम की ओर से उनपर 5000 रुपये के चालान काटे गए।
-

बल्लभगढ़ प्रदूषण मापक केंद्र पर ओजोन का स्तर 135 पहुंचा
नाथू कालोनी बल्लभगढ़ स्थित हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रक बोर्ड के मापक केंद्र पर ओजोन और सल्फर डाई ऑक्साइड का अधिकतम स्तर 135-135 दर्ज किया गया। विशेषज्ञों के अनुसार इन गैसों का प्रभाव फेफड़ों को नुकसान पहुंचाता है। लंबे समय तक इनके असर से लोगों को फेफड़ों की गंभीर बीमारियां हो सकती हैं। यहां पर वायु गुणवत्ता सूचकांक खराब श्रेणी में 206 दर्ज किया गया। इस क्षेत्र में भी बड़ी संख्या में उद्योग हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें