निगम अगले सप्ताह से लोगों को भेजेगा नोटिस, विकास कार्य कराने के लिए कार्य योजना तैयार की जा रही
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। हाल में नियमित हुईं 59 काॅलाेनियों के लोगों से नगर निगम विकास शुल्क (डेवलपमेंट चार्ज) वसूलने की तैयारी में जुट गया है। इसके लिए अगले सप्ताह से लोगों को नोटिस भेजने का काम शुरू हो जाएगा। दूसरी ओर इन काॅलोनियों में विकास कार्य कराने को लेकर कार्य योजना तैयार की जा रही है।
प्रदेश सरकार ने कुछ दिन पहले नगर निगम क्षेत्र की 59 अवैध काॅलोनियों को नियमित करने का नोटिफिकेशन जारी किया था। इसके बाद अब कॉलोनियों में नगर निगम विकास कार्यों को सिरे चढ़ाने में जुट गया है। इसके लिए बजट में अवैध काॅलोनियों के विकास के लिए पहले से करीब 50 करोड़ के फंड का इंतजाम है। दूसरी ओर नगर निगम अपने स्तर पर भी फंड जुटाने में लगा है। इसके तहत अब नियमित हुईं काॅलोनियों से विकास शुल्क वसूलने की तैयारी में है। इसके लिए संबंधित क्षेत्रीय कराधान अधिकारी लोगों को नोटिस जारी करने की तैयारी में लग गए हैं। इसके लिए प्लानिंग ब्रांच से क्षेत्रवार शुल्क लेने के बारे में जानकारी मांगी गई है। निगम की अलग-अलग काॅलोनियों में आठ सौ से 1600 रुपये प्रति स्क्वायर गज तक शुल्क लगता है। निगम का मानना है कि यदि इन काॅलोनियों में समय से पैसे की वसूली हो जाए तो विकास कार्य कराने में आसानी होगी। ऐसे में अभी से इसकी तैयारियां शुरू हो गई हैं। निगम का प्रयास है कि अगले सप्ताह से इस कार्य को शुरू कर दिया जाए। इसके तहत करीब तीन माह का समय लोगोें को दिया जाएगा। यदि इस दौरान शुल्क जमा नहीं कराया तो करीब 18 फीसदी ब्याज के साथ शुल्क वसूला जाएगा। बता दें कि नगर निगम के पास राजस्व की कमी है। ऐसे में निगम इन काॅलोनियों में पहले विकास शुल्क वसूलने की तैयारी में है ताकि कार्य कराने में आसानी हो।
सीवर-पानी को किया जाएगा बेहतर, सड़कों का भी होगा निर्माण
पहले चरण में जिले की 59 अवैध कॉलोनियों नियमित हुई हैं। अब इन कॉलोनियों में नगर निगम सीवर-पानी और सड़कों का निर्माण कराएगा। निगम की योजना है कि ऐसी कॉलोनियों की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) बनवाकर विकास कार्य कराया जाए। निगम का मानना है कि इन कॉलोनियों में पहले सीवर-पानी को बेहतर कराया जाए। ऐसे में कॉलोनी में होने वाले कार्यों को लेकर पहले डीपीआर बनवा ली जाए ताकि इसी अनुसार कार्य कराए जाए। निगम की ओर से इन जगहों पर काफी बसावट है। ऐसे में पहले मूलभूत सुविधाओं को बेहतर किया जाएगा। इसमें कुछ काॅलोनियां 40 एकड़ में तक बसी हुई हैं। कार्यकारी अभियंता सुशील ठाकरान ने बताया कि हाल में नियमित हुईं काॅलोनियों की सूची मिल गई हैं। डीपीआर बनाकर इन कॉलोनियों में विकास कार्य कराए जाएंगे, जिससे मूलभूत सेवाएं बेहतर हो सकें।
नियमित हुईं काॅलोनियां
सरकार की ओर से जारी सूची में नंबरदार काॅलोनी मुरतजापुर, राजीव कॉलोनी झाड़सेंतली, जीवन नगर एक्सटेंशन तीन गौंछी, धीरजनगर एक्सटेंशन एतमातपुर, रिवाजपुर कॉलोनी, खाटू श्याम कॉलोनी, मोहनराम काॅलोनी व अमर भट़्ट काॅलोनी भूपानी, विजय नगर टिकावली, कृप्णा कॉलोनी तीन नाचौली, मोहन एन्क्लेव पल्ला, राहूपुरा पार्ट कए, आदर्श नगर पार्ट-2, नवादा तिगांव पार्ट-एक, श्रीराम कॉलोनी बुढैना, पंचशील काॅलोनी बडौली, साई कॉम्पलेक्स बसलेवा, लीलावती एन्क्लेव मुजेरी, गौंछी पार्ट एक, सूर्या कॉलोनी, वसुंधरा कॉलोनी, गणेश कॉलोनी व अन्य भूपानी, स्वास्तिक एन्क्लेव पार्ट तीन, न्यू भारत कॉलोनी बसेलवा, बालाजी कॉलोनी साहूपुरा के अलावा 23 गांवों के राजस्व में बसी काॅलोनियां हैं। इनका नाम नहीं हैं और आईडी नंबर दिया गया है।
हाल में नियमित हुईं काॅलोनियों से विकास शुल्क वसूलने की तैयारी है। इसके लिए काॅलोनियों के विकास शुल्क की जानकारी ली गई है। अगले सप्ताह से लोगों को इसे लेकर नोटिस जारी किया जाएगा।
-पदम सिंह ढांडा, जेडटीओ एनआईटी एक व दो
योजना विभाग से अलग-अलग कॉलोनी से विकास शुल्क वसूलने के रेट मांगे गए हैं। ग्रेटर फरीदाबाद क्षेत्र की कॉलोनियों में जल्द नोटिस देने का काम शुरू होगा।
-विजय सिंह, जेडटीओ ओल्ड फरीदाबाद