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हरियाणा बोर्ड : परीक्षा परिणाम में जिले का शर्मनाक प्रदर्शन, 22वें स्थान पर खिसका

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- पिछले साल जिला 84.59 फीसदी के साथ 20वें स्थान पर रहा था
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- इस साल दो अंक और लुढ़का, साल 2017 में 21वें स्थान पर रहा था
- फरीदाबाद से अच्छा रिजल्ट पलवल (73.93), मेवात (74.27) और गुरुग्राम (79.94) का है
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड ने सोमवार को 12वीं कक्षा का परीक्षा परिणाम जारी कर दिया। इसमें जिले के 67.89 फीसदी विद्यार्थी पास हुए हैं। वहीं, जिले का रिजल्ट पिछले साल से भी खराब रहा है और इस साल यह प्रदेश में 22वें (अंतिम स्थान) पर है। फरीदाबाद से अच्छा रिजल्ट पलवल (73.93), मेवात (74.27) और गुरुग्राम (79.94) का है।
स्मार्ट सिटी के सरकारी स्कूलों का रिजल्ट इस साल भी बेहतर नहीं रहा, हालांकि पिछले साल भी यह खराब ही था। पिछले साल जिला 84.59 फीसदी के साथ 20वें स्थान पर रहा था। इस साल दो अंकों की गिरावट के साथ 22वें स्थान पर है। इससे पहले साल 2017 में 47.86 प्रतिशत के साथ जिला 21वें स्थान पर रहा था। शिक्षा से जुड़े लोगों का कहना है कि जिले का प्रदेश के अंतिम से पहले स्थान पर होना शर्म की बात है। यह पूरे जिले की शिक्षा व्यवस्था की पोल खोलने के लिए काफी है। उनका कहना है कि फरीदाबाद के पड़ोसी जिलों का परिणाम बेहतर रहा है, लेकिन यहां परिणाम में सुधार आने के बजाय गिरावट दर्ज की जा रही है। प्रदेश स्तर पर भी जिले का कोई छात्र शामिल नहीं रहा है।
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हरियाणा स्कूल लेक्चरर एसोसिएशन के जिला प्रधान संदीप चौहान ने कहा कि सरकार ने शिक्षकों को गैर-शैक्षणिक कार्यों में लगा दिया था। वह बच्चों के परिवार पहचान पत्र बनाने में लगे रहे। ऐसे में इसका असर परीक्षा परिणाम पर दिख रहा है। जिले में दो लाख बच्चों का पीपीपी कार्ड बनाया गया है। अन्य जिलों में बच्चे कम रहे और काम जल्द हो गया, यहां संख्या अधिक थी। रिजल्ट कम आने के लिए टीचर अकेले जिम्मेदार नहीं हैं। इसके लिए सभी का मंथन करना होगा।


लड़कियाें का प्रतिशत ज्यादा
हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की फरवरी/मार्च-2023 में संचालित हुई सीनियर सेकेंडरी (शैक्षिक) नियमित परीक्षार्थियों का परीक्षा परिणाम 67.89 फीसदी रहा है। स्वयंपाठी परीक्षार्थियों का परिणाम 48.78 फीसदी रहा है। परीक्षार्थी अपना परीक्षा परिणाम बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट www.bseh.org.in पर देख सकते हैं। सीनियर सेकेंडरी (शैक्षिक) परीक्षा में प्रदेश के 257116 परीक्षार्थी शामिल हुए थे। जिनमें से 209,933 उत्तीर्ण हुए तथा 47183 परीक्षार्थी अनुत्तीर्ण रहे। परीक्षा में 125696 शामिल छात्राओं में से 109491 पास हुईं (987.11) हैं, जबकि 131420 छात्रों में से 100442 पास हुए और पास प्रतिशत 76.43 रहा। छात्राओं ने छात्रों से 10.68 फीसदी ज्यादा पास प्रतिशतता दर्ज कर बढ़त हासिल की है।
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कम नंबर आने पर करें आवेदन-

बोर्ड के अनुसार परीक्षा परिणामों के आधार पर जो परीक्षार्थी अपनी उत्तरपुस्तिकाओं की पुन: जांच अथवा पुनर्मूल्यांकन करवाना चाहते हैं, वह निर्धारित शुल्क सहित परिणाम घोषित होने की तिथि से 20 दिन तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।



जिले का कुछ सालों का प्रदर्शन
साल- प्रदेश- जिला- प्रदेश में तुलनात्मक स्थान

2023-81.63- 67.89-22वां

2022-87.08-84.59-20वां

2021-100-100-बराबर (कोरोना)

2020-80.34-81.61-11वां

2019-74.48-67.86-20वां

2018-63.84-57.38-17वां

2017-64.50-47.85-21वां

-

जिले में कुल छात्र-16012

पास हुए-10870

अनुत्तीर्ण-5156

पास प्रतिशत-67.89

-
प्राइवेट परीक्षार्थी
कुल छात्र- 123
पास- 60
फेल- 63
प्रतिशत-48.78
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